वर्ल्ड पैरा एथलेटिक्स चैंपियनशिप 2025 में पुरुष हाई जंप में 2.14 मीटर की छलांग लगाकर पहला गोल्ड मेडल जीतने वाले निषाद कुमार ने आज परिवार सहित शक्तिपीठ ज्वालामुखी पहुंच कर अपनी मन्नत पूरी की और दिव्य ज्योतियो के दर्शन किये। पुजारी वर्ग ने उन्हें विधिबत पूजा अर्चना करवाई और माता ज्वाला का आशीर्वाद दिलवाया। मन्दिर प्रसाशन की तरफ से उन्हें माता की चुनरी व सिरोपा भी भेंट किया गया। वर्ल्ड पैरा एथलेटिक्स चैंपियनशिप के प्रथम स्वर्ण पदक विजेता निषाद कुमार ने बताया कि उन्होंने वर्ल्ड पैरा एथलेटिक्स में जाने से पहले ज्वाला माता से मन्नत मांगी थी कि अगर वह पदक जीत कर आते हैं तो परिवार सहित माता ज्वाला के दर्शन करेंगे। उनकी मन्नत पूरी हुई और उन्होंने वर्ल्ड चैंपियनशिप में पहला स्वर्ण पदक जीता। निषाद की माता पुष्पा देवी ने बताया कि माता रानी की कृपा से उनका बेटा गोल्ड जीतकर आया है इसी के चलते वे माता ज्वाला के दरबार हाजिरी लगाने आये हैं और ज़ब भी उनका बेटा मैडल जीतता है तों वे माता ज्वालामुखी के दरबार में दर्शनों को आते हैँ। उनकी बहन ने भी अपने भाई की इस उपलब्धि पर खुशी जाहिर की है। निषाद के पिता ने भी अपने बेटे की इस उपलब्धि पर बधाई दी और माता ज्वाला से आने वाले चैंपियनशिप में भी गोल्ड जीतने की मन्नत मांगी। आपको बता दें निषाद कुमार मूल रूप से ऊना हिमाचल प्रदेश के बदायूं गांव के रहने वाले हैं। खिलाड़ी निषाद कुमार जब आठ साल के थे तभी चारा मशीन में उनका हाथ कट गया था। हाथ कटने के बाद भी वह निराश नहीं हुए कड़ी मेहनत की। ऊंची कूद का शौक उनको बचपन से था। उनके घर की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं थी। इसकेे बाद कोचों की देखरेख में ऊंची कूद की ट्रेनिंग शुरू की और मुकाम हासिल किया। वर्ल्ड पैरा एथलेटिक्स चैंपियनशिप 2025 से पहले निषाद ने पैरा एशियन गेम्ज़ में पुरुषों की हाई जम्प टी-47 केटेगरी में भी गोल्ड मैडल जीता था। इससे पहले निषाद ने 2021 में पैरा ओलंपिक में रजत पदक जीता था।