बरसात का मौसम समाप्त हुए करीब छह माह बीत चुके हैं, लेकिन बड़सर-चबेह-नघियार सड़क पर गिरे ल्हासे अभी तक नहीं हटाए जा सके हैं। सड़क किनारे पहाड़ियों से बरसात के दौरान गिरे मलबे के कारण यह मार्ग कई स्थानों पर संकरा हो गया है, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को जान जोखिम में डालकर सफर करने को मजबूर होना पड़ रहा है। लोक निर्माण विभाग द्वारा उस दौरान अस्थायी तौर पर सड़क बहाल करने के लिए मलबा सड़क किनारे डाल दिया गया, लेकिन इसके स्थायी समाधान की दिशा में अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। परिणामस्वरूप पतली हो चुकी सड़क पर आमने-सामने से वाहनों का निकलना बेहद मुश्किल हो गया है। लोगों का कहना है कि बारिश और रात के समय हालात और भी बदतर हो जाते हैं। कई स्थानों पर दोनों ओर मिट्टी व पत्थर होने से वाहन फिसलने का खतरा बना रहता है। इस मार्ग से रोजाना स्कूल बसें, कर्मचारी, किसान और मरीजों को ले जाने वाले वाहन गुजरते हैं, जिससे किसी बड़े हादसे की आशंका बनी हुई है। इस संबंध में लोक निर्माण विभाग बड़सर के सहायक अभियंता डीसी ठाकुर ने बताया कि संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं और एक-दो दिनों के भीतर सड़क से ल्हासे हटाने का कार्य शुरू कर दिया जाएगा। साथ ही आगामी बरसात के दौरान संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी।