हमीरपुर जिले में बिजली व्यवस्था को अधिक मजबूत, आधुनिक और भरोसेमंद बनाने के लिए पुनर्गठित वितरण क्षेत्र योजना (आरडीएसएस) के तहत करीब 107 करोड़ रुपये की परियोजना शुरू की जा रही है। इस योजना के तहत जिले में 701 नए ट्रांसफार्मर लगाए जाएंगे, जबकि पुराने ट्रांसफार्मरों की मरम्मत और क्षमता बढ़ाने का कार्य भी किया जाएगा। बिजली बोर्ड के अनुसार परियोजना का कार्य आवंटित किया जा चुका है और विभिन्न क्षेत्रों में सर्वे शुरू हो गया है। सर्वे रिपोर्ट के आधार पर स्थानीय जरूरतों के अनुसार कार्यों को अंतिम रूप दिया जाएगा, ताकि उपभोक्ताओं को बेहतर और निर्बाध बिजली आपूर्ति मिल सके। योजना के तहत 25 केवीए, 63 केवीए, 100 केवीए और 250 केवीए क्षमता के नए ट्रांसफार्मर स्थापित किए जाएंगे। इसके साथ ही नई लो टेंशन (एलटी) और हाई टेंशन (एचटी) लाइनें बिछाई जाएंगी। कई स्थानों पर जर्जर बिजली लाइनों की मरम्मत होगी और पुरानी लाइनों को आधुनिक तकनीक के अनुरूप अपग्रेड किया जाएगा। बिजली खंभों की मरम्मत के साथ नए खंभे भी लगाए जाएंगे। परियोजना पूरी होने के बाद जिले में लो वोल्टेज की समस्या काफी हद तक कम होगी। बिजली आपूर्ति अधिक स्थिर और गुणवत्तापूर्ण बनेगी, जिससे बार-बार होने वाली बिजली कटौती से उपभोक्ताओं को राहत मिलने की उम्मीद है। आरडीएसएस (Revamped Distribution Sector Scheme) केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजना है, जिसका उद्देश्य बिजली वितरण नेटवर्क का आधुनिकीकरण करना, पुराने ट्रांसफार्मर, तार और सब-स्टेशन को अपग्रेड करना तथा उपभोक्ताओं को सुरक्षित, गुणवत्तापूर्ण और निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करना है। बिजली बोर्ड के अधीक्षण अभियंता आशीष कपूर ने बताया कि आरडीएसएस के तहत फिलहाल सर्वे का कार्य शुरू किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि परियोजना पूरी होने के बाद जिले में बिजली आपूर्ति पहले से अधिक सुचारु और विश्वसनीय होगी।