प्रदेश सरकार की ओर से कोकून के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) में की गई वृद्धि और खुली बोली प्रणाली के माध्यम से किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य प्राप्त हो रहा है। सरकार के इस महत्वपूर्ण कदम से प्रदेश में न केवल रेशम कीट उत्पादन क्षेत्र को नई गति मिली है बल्कि कोकून उत्पादन में वृद्धि दर्ज होने के साथ-साथ किसानों की आय में भी बढ़ौतरी हो रही है। घुमारवीं स्थित कोकून मंडी में खुली बोली के माध्यम से कोकून को 1,960 रूपये प्रति किलोग्राम तक का रिकॉर्ड मूल्य प्राप्त हुआ है, जो राज्य के रेशम कीट पालन क्षेत्र के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि है। घुमारवीं कोकून मंडी में गांव पटटा तहसील घुमारवीं से पहुंची किसान मीरा देवी से बातचीत की तो उनका कहना है कि वह पिछले लगभग 40-50 वर्षों से रेशम कीट पालन का कार्य कर रही है, इससे उन्हें काफी लाभ मिला है। उन्होंने कहा कि वर्ष में मात्र 20 से 25 दिन रेशम कीट पालन के कार्य को बेहतर ढ़ंग से कर लिया जाए तो किसान एक अच्छी अतिरिक्त आमदनी प्राप्त कर सकता है। उन्होंने ज्यादा से ज्यादा किसानों से रेशम कीट पालन से जुड़कर अतिरिक्त आय सृजित करने का आह्वान किया है।