बिलासपुर की बंदला धार से पैरा पायलट उड़ानों का आनंद ले रहे हैं। पैराग्लाइडिंग के लिए पहुंचे पायलट हवा में करीब 30 मिनट कलाबाजी करने के बाद गोबिंद सागर झील के बीच उतर रहे हैं। कुछ प्रशिक्षु हवा में रिजर्व पैराशूट का प्रयोग कर रहे हैं तो कुछ उसके बिना झील में उतर रहे हैं। झील में दो मोटर वोट तैनात की गई हैं, जो उन्हें झील के बीच से रेस्क्यू कर किनारे तक वापस लाती है। प्रतिदिन 40 से 50 उड़ानें बंदला धार से हो रही हैं। वहीं, जब प्रशिक्षण शुरू होता है तो उड़ानों की संख्या बढ़ जाती है।