जिला बिलासपुर में टीबी मुक्त भारत अभियान को तेज गति से आगे बढ़ाया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग ने जिले के 263 गांव चिन्हित किए है, जहां घर-घर पहुंचकर लोगों की जांच की जाएगी। अभियान के तहत 14 वर्ष से अधिक आयु के सभी लोगों की स्क्रीनिंग की जाएगी, ताकि टीबी के संभावित मरीजों की समय रहते पहचान हो सके। जिले में करीब 1 लाख 80 हजार लोगों की जांच का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके तहत 14 वर्ष से अधिक आयु के सभी व्यक्तियों का एक्सरे किया जाएगा। जिन लोगों में टीबी के लक्षण पाए जाएंगे, उनकी आगे विस्तृत जांच कर उपचार शुरू किया जाएगा। बीमारी की शुरुआती अवस्था में पहचान होने से टीबी पर प्रभावी नियंत्रण संभव है। इसी उद्देश्य से गांवों और शहरी क्षेत्रों में स्वास्थ्य टीमें सक्रिय होकर कार्य कर रही हैं। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. शशि दत्त शर्मा ने बताया कि विभिन्न स्थानों पर विशेष स्वास्थ्य शिविर भी लगाए जा रहे हैं, जहां टीबी के साथ अन्य बीमारियों की जांच भी की जा रही है। शिविरों में लोगों को स्वास्थ्य संबंधी जानकारी और जरूरी परामर्श भी दिया जा रहा है।अभियान को सफल बनाने में आशा वर्कर अहम भूमिका निभा रही हैं। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे इस निशुल्क अभियान का लाभ उठाएं और अपनी जांच अवश्य करवाएं। टीबी की जांच, दवाइयां और उपचार पूरी तरह मुफ्त उपलब्ध कराया जा रहा है। समय पर जांच और नियमित उपचार से टीबी जैसी गंभीर बीमारी को पूरी तरह खत्म किया जा सकता है।