माननीय कोर्ट से अग्रिम जमानत रद्द होने के बाद यमुनानगर सिविल सर्जन डॉ. मंजीत सिंह की मुश्किलें बढ़ती हुई नजर आ रही हैं। महिला डॉ. का आरोप है कि मामले में फील्ड मैनेजर ने भी उनके ऊपर दबाव बनाया। डॉ. मंजीत सिंह के कहने पर ही उन्हें लेने आ रहा है। एसपी व महिला थाने में दी 3 मिनट 26 सेकेंड की कॉल रिकॉर्डिंग कहीं न कहीं डॉ. मंजीत सिंह के लिए मुश्किलें खड़ी कर रही है। एडिशनल सेशन जज रंजना अग्रवाल की कोर्ट ने कहा रिकॉर्डिंग सुनकर स्पष्ट हो रहा है कि आरोपी ने कार्यस्थल पर एक महिला कर्मचारी के प्रति यौन रूप से अश्लील शब्द कहे और यौन उत्पीड़न किया। यह अत्यंत आपत्तिजनक और अश्लील भाषा है। पुलिस द्वारा इस ऑडियो कॉल रिकॉर्डिंग की फोरेंसिक जांच भी कराई जा सकती है। मोबाइल कॉल सीएमओ ने हेल्थ डिपार्टमेंट के तहत प्रोजेक्ट में लगी लेडी डॉक्टर को की थी। लेडी डॉक्टर की ओर से यह कॉल रिकॉर्डिंग पेनड्राइव में कोर्ट के समक्ष पेश की, जिसके आधार पर आरोपी सीएमओ की अग्रिम जमानत अर्जी खारिज हो गई।