महम के बिजली निगम कार्यालय में वीरवार को कर्मचारियों ने पैरेलल प्राइवेट डिस्ट्रीब्यूशन लाइसेंस, अलग एग्रो डिस्कॉम के गठन व स्मार्ट मीटर के विरोध में प्रदर्शन किया। बिजली कर्मचारी यूनियन के प्रधान विजयपाल मलिक ने कहा कि एग्रो डिस्कॉम के नाम पर सरकार किसानों पर कर्मचारियों के हितों कुठाराघात करने पर तुली हुई है। 5,500 करोड़ के घाटे के साथ शुरू होने वाली डिस्कॉम किसानों को मौजूदा 10 पैसे प्रति यूनिट के हिसाब से सफल नहीं हो सकती। प्रदेश के करीब 92 लाख उपभोक्ताओं के स्मार्ट मीटर बदलने में प्रति मीटर 10,000 के औसत खर्च को वहन करने की स्थिति में पावर यूटिलिटी नहीं है। गुरुग्राम से बिजली कंपनियों को सबसे ज्यादा रेवेन्यू प्राप्त होता है। इस क्षेत्र में 11 पावर कंपनी को पैरेलल डिस्ट्रीब्यूशन लाइसेंस देने की पहल स्पष्ट दर्शाती है कि सरकार बिजली विभाग के रेवेन्यू को खुद कम करके उसे दिवालिया व निजीकरण करने पर उतारू है। उन्होंने बताया कि मांगों को मनवाने के लिए कर्मचारी आगामी 11, 12 व 13 अगस्त को राष्ट्रव्यापी हड़ताल में हुंकार भरेंगे। इस दौरान प्रवेश रापड़िया, प्रदीप, बिजेंद्र, कुलदीप बैनीवाल, विजय बिसला व सुनील कुमार सहित अनेक कर्मचारी मौजूद रहे।