जिला विकास एवं पंचायत कार्यालय परिसर में शुक्रवार को ग्रामीण सफाई कर्मचारी यूनियन, संबंधित सीटू के बैनर तले जिला स्तरीय धरना-प्रदर्शन किया गया। धरने की अध्यक्षता अटेली ब्लॉक प्रधान ईश्वर सिंह ने की, जबकि मंच संचालन जिला सचिव बसंत कुमार ने किया। प्रदर्शन में जिलेभर से ग्रामीण सफाई कर्मचारी शामिल हुए और सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर अपनी मांगों को जल्द पूरा करने की मांग उठाई। धरने को संबोधित करते हुए यूनियन नेताओं ने कहा कि 31 दिसंबर 2025 को पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट द्वारा दिए गए आदेश को तुरंत लागू किया जाए। उन्होंने मांग की कि सफाई कर्मचारियों को नियमित सफाई कर्मचारी का दर्जा देते हुए सभी लंबित लाभ दिए जाएं। कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री द्वारा 24 नवंबर 2024 को घोषित 26 हजार रुपये मासिक वेतन को भी तत्काल प्रभाव से लागू करने की मांग उठाई। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि बढ़ती महंगाई को देखते हुए जनवरी 2023 में बनी सहमति के अनुसार हर वर्ष तीन प्रतिशत वेतन वृद्धि की जाए। इसके अलावा पांच से छह गांवों का जोन बनाकर पढ़े-लिखे सफाई कर्मचारियों को सुपरवाइजर नियुक्त करने की भी मांग रखी गई। यूनियन नेताओं ने कहा कि कर्मचारियों का वेतन प्रत्येक माह की सात तारीख तक जारी किया जाए और देरी होने पर 500 रुपये अतिरिक्त भुगतान किया जाए। साथ ही सेवानिवृत्ति पर 10 लाख रुपये सहायता राशि देने की मांग भी उठाई गई। जब तक यह लागू नहीं होता, तब तक चौकीदारों की तर्ज पर दो लाख रुपये की सहायता राशि तुरंत दी जाए। धरने में सीटू जिला प्रधान हरिराम, अटेली ब्लॉक सचिव विनोद कुमार, उपसचिव उषा देवी, नारनौल ब्लॉक संगठन सचिव प्रदीप कुमार और उपप्रधान अमित कुमार सहित अनेक कर्मचारी मौजूद रहे।