भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) गुट ने हरियाणा बीज विधेयक 2025 का समर्थन करते हुए इसे किसानों के हित में बताया है। यूनियन ने बीज उत्पादकों और विक्रेताओं द्वारा की जा रही हड़ताल को अनैतिक करार दिया है और आरोप लगाया कि यह हड़ताल किसानों को नुकसान पहुंचाने के इरादे से की जा रही है। बीकेयू (चढूनी) के नेताओं ने कहा कि व्यापारी वर्ग किसानों का करोड़ों रुपयों का नुकसान कर स्वयं मुनाफा कमाने में लगे रहते हैं। उन्होंने मांग की कि जो व्यापारी बीजों की गुणवत्ता से समझौता करते हैं या नियमों का उल्लंघन करते हैं, उन्हें सख्त सजा दी जानी चाहिए। संघ ने यह भी सुझाव दिया कि सरकार को हर जिले में बीज की गुणवत्ता जांचने के लिए अत्याधुनिक प्रयोगशालाएं स्थापित करनी चाहिए ताकि किसान असली और उच्च गुणवत्ता वाले बीज प्राप्त कर सकें। इसके अलावा, बीकेयू ने पंचायत स्तर पर कृषि चिकित्सकों की नियुक्ति की भी मांग की ताकि किसानों को स्थानीय स्तर पर कृषि संबंधी समस्याओं का समाधान मिल सके।