हांसी की अनाज मंडी में धान की आवक लगातार तेज हो रही है। अब तक मंडी में कुल 1 लाख 20 हजार क्विंटल धान की आवक हो चुकी है, जिसमें से करीब 60 हजार क्विंटल धान की सरकारी खरीद भी की गई है। इसके बावजूद, पीआर धान की खरीद की धीमी गति को लेकर किसानों की चिंताएं बनी हुई हैं। किसान चाहते हैं कि पीआर धान की सरकारी खरीद में तेजी लाई जाए ताकि उन्हें अपनी फसल बेचने के लिए अधिक इंतजार न करना पड़े। 1509 धान के भावों में गिरावट से किसानों को नुकसान किसानों की चिंता का एक और कारण 1509 धान के भावों में आई गिरावट है। इस किस्म के धान के भाव में करीब 300 रुपये प्रति क्विंटल की गिरावट बताई जा रही है, जिससे किसानों को अपनी फसल का उचित भाव मिलने की उम्मीदों को झटका लगा है। एक किसान, भाना राम, ने बताया कि 1509 धान के भाव में करीब 200 रुपये प्रति क्विंटल की गिरावट आई है, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। किसानों को उम्मीद थी कि धान के अच्छे भाव मिलेंगे, लेकिन भावों में गिरावट ने उनकी चिंता बढ़ा दी है। किसानों की निगाहें सरकारी खरीद और भाव सुधार पर मंडी में धान की आवक लगातार बढ़ने के साथ-साथ पीआर धान की खरीद और 1509 धान के गिरते भाव किसानों के लिए परेशानी का सबब बने हुए हैं। अब किसानों की निगाहें सरकारी खरीद में तेजी आने और धान के भावों में सुधार होने पर टिकी हैं।