देश की सीमाओं को सुरक्षित रखने वाले सैनिक रिटायरमेंट के बाद काफी तरह की दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। पूरा जीवन अनुशासन में बिताने वाले पूर्व सैनिकों को प्रदेश व केंद्र सरकार से काफी उम्मीदें रहती हैं। अपनी मांगों को लेकर पूर्व सैनिक अनुशासन में रहते हुए मांग भी उठाते हैं लेकिन उनकी मांग प्रशासनिक व्यवस्थाओं में उलझ कर रह जाती हैं। केंद्र सरकार की ओर से तैयार किए जा रहे आठवें वेतन आयोग को लेकर भी पूर्व सैनिकों ने अपनी कई मांग केंद्र सरकार को भेजी हैं। पूर्व सैनिकों के संगठन हरियाणा वेटरन आर्गेनाइजेशन के सदस्यों ने रविवार को अमर उजाला कार्यालय में आयोजित संवाद कार्यक्रम में अपनी मांगों, समस्याओं को लेकर विस्तार से जानकारी दी। हरियाणा वेटरन आर्गेनाइजेशन के प्रदेशाध्यक्ष चरण सिंह मलिक के नेतृत्व में पहुंचे पूर्व सैनिकों ने केंद्र, प्रदेश व स्थानीय प्रशासन से जुड़ी अपनी मांगों को दोहराया।पूर्व सैनिकों ने सातवें वेतन आयोग की खामियों को दूर करने तथा आठवें वेतन आयोग में पूर्व सैनिकों का विशेष ख्याल रखने की मांग उठाई। अभी डीए 60 प्रतिशत हो गया है। जिसमें 50 प्रतिशत डीए को बेसिक में मर्ज किया जाए ताकि आठवें वेतन आयोग में हमें हमारी पूरी पेंशन मिल सके।