बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने शुक्रवार को एसडीएम आकाश को ज्ञापन सौंपकर 20 तारीख को संसद घेराव के दौरान प्रदर्शनकारियों पर हुई पुलिस कार्रवाई की निंदा की। साथ ही नीट परीक्षा में हुई गड़बड़ियों को लेकर भी सरकार से मांगें रखीं। बार एसोसिएशन के प्रधान सुरेश गिल के नेतृत्व में वकीलों का प्रतिनिधिमंडल एसडीएम कार्यालय पहुंचा। यहां उन्होंने ज्ञापन सौंपते हुए कहा कि शांतिपूर्ण आंदोलन करना हर नागरिक का मौलिक अधिकार है। गिल ने कहा, "20 तारीख को संसद घेराव के दौरान पुलिस और फोर्स ने आंदोलनकारियों के साथ जो बर्बरता की, उसकी हम कड़े शब्दों में निंदा करते हैं। सोशल मीडिया पर जो वीडियो आए हैं उसमें लड़कियों पर भी डंडे बरसाए गए। यह निंदनीय है।" उन्होंने नीट परीक्षा का मुद्दा भी उठाया। गिल बोले, "एनटीए अगर पेपर लीक और गड़बड़ी रोकने में नाकाम है तो सरकार को इसकी जिम्मेदारी किसी दूसरी संस्था को देनी चाहिए। छात्रों की मांग जायज है। सरकार को उनकी बात सुनकर समाधान निकालना चाहिए।" ज्ञापन सौंपने के दौरान बड़ी संख्या में अधिवक्ता मौजूद रहे। सभी ने शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगें रखीं और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की।