खेड़ा गनी गांव में बेटियों की शिक्षा को लेकर सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहा है। यहां पढ़ाई करने वाली बच्चियों को न सिर्फ सम्मान दिया जा रहा है, बल्कि उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित भी किया जा रहा है। गांव में बेटियों के प्रति सोच बदलने लगी है और शिक्षा को आत्मसम्मान से जोड़कर देखा जा रहा है। गांव की महिलाओं का कहना है कि अब बेटियों की पढ़ाई को बोझ नहीं, बल्कि भविष्य की ताकत माना जा रहा है। खासकर 12वीं के बाद पढ़ाई छोड़ने की जो परंपरागत सोच थी, उसमें बड़ा बदलाव आया है। अब अधिकतर परिवार अपनी बेटियों को आगे की पढ़ाई के लिए प्रोत्साहित कर रहे हैं।