देहरादून स्थित भारतीय सैन्य अकादमी (IMA) में जंगल कैंप के दौरान 12 किलोमीटर की दौड़ में तबीयत बिगड़ने के बाद 21 वर्षीय कैडेट निशांत धनखड़ की मौत हो गई। ब्रेन हैमरेज और मल्टी-ऑर्गन फेलियर के कारण दिल्ली के आरआर अस्पताल में इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। निशांत का पार्थिव शरीर गांव पहुंचने पर माहौल गमगीन हो गया। रविवार को झज्जर के कासनी गांव में उन्हें सैन्य सम्मान और गार्ड ऑफ ऑनर के साथ अंतिम विदाई दी गई। निशांत के पार्थिव शरीर पर विधायक कुलदीप वत्स, जिला प्रशासन और जिला सैनिक बोर्ड के अधिकारियों ने पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। सैन्य टुकड़ी ने सशस्त्र झुकाकर गार्ड ऑफ ऑनर दिया। निशांत को उनके चचेरे भाई पार्थ ने मुखाग्नि दी। परिजनों के अनुसार, निशांत 9 जुलाई को ट्रेनिंग के लिए IMA देहरादून पहुंचे थे। 9 अगस्त को जंगल कैंप के दौरान कैडेट्स को 12 किलोमीटर की दौड़ लगानी थी। दौड़ के दौरान कई कैडेट्स की तबीयत बिगड़ गई और वे गिर पड़े। इनमें तीन कैडेट्स की हालत गंभीर बताई गई, जिसमें निशांत भी शामिल थे।