परिषदीय स्कूलों में पढ़ने वाले छात्रों के आधार कार्ड नहीं होने से उन्हें योजनाओं से वंचित रहना पड़ता है। छात्रों को योजनाओं से वंचित न रहना पड़े इसके लिए शासन की ओर से बीआरसी केंद्रों पर आधार कार्ड की मशीन लगाई गई है। इन मशीनों की सहायता से छात्रों के आधार कार्ड बनाएं जाने हैं,लेकिन बीआरसी केंद्र दनकौर पर छात्रों की जगह पर बाहरी लोगों के आधार कार्ड बनाकर रुपये कमाएं जा रहे हैं। यह हाल तब है जब जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान(डायट) परिसर में ही बीआरसी संचालित हो रही है। बाहरी लोगों के आधार कार्ड बनाने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। दनकौर बीआरसी में पहले भी इस प्रकार से ही आधार कार्ड बनाए जा रहे थे। उसके बाद भी विभाग की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई। कार्रवाई नहीं होने के कारण कर्मचारी सरकारी व्यवस्था को चुनौती दे रहे हैं। परिषदीय स्कूलों में पढ़ने वाले छात्रों के आधार कार्ड ही बनाएं जाने हैं। उसके बाद भी बार बार नियमों का उल्लंघन किया जा रहा है। हर सत्र में कई बच्चों के आधार कार्ड नहीं होने से वह योजना का लाभ पाने से वंचित हो जाते हैं। खंड शिक्षा अधिकारी दनकौैर प्रवीण अग्रवाल का कहना है कि मामले की जांच कर दोषी कर्मचारी पर कार्रवाई की जाएगी।