मसूरी क्षेत्र के गांव नाहल में आरक्षी सौरभ सिंह की शहादत के बाद पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठने लगे हैं।हेल्प एशियन फाउंडेशन ने महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को ज्ञापन भेजकर न्यायिक हस्तक्षेप की मांग की है। ज्ञापन में कहा गया है कि जहां एक ओर दोषी कादिर को पकड़ने गई पुलिस मुठभेड़ में एक बहादुर सिपाही शहीद हो गया वहीं दूसरी ओर पूरे गांव को संदेह के घेरे में लेकर निर्दोष ग्रामीणों पर पुलिसिया शिकंजा कसा जा रहा है। गांव में सन्नाटा है लोग डर के मारे पलायन कर चुके हैं और बेजुबान पशु भी भूख-प्यास से बेहाल हैं। संस्था ने असली दोषियों को फांसी की सज़ा और निर्दोषों को राहत दिलाने की मांग की है। संस्था के प्रदेश अध्यक्ष युसुफ खान ने राष्ट्रपति के नाम का ज्ञापन डीसीपी ग्रामीण सुरेंद्रनाथ तिवारी को दिया,डीसीपी ने स्पष्ट किया है“जो निर्दोष हैं वे बेझिझक अपने घर लौटें,अपने पशुओं को संभालें,पुलिस उनपर कोई कार्रवाई नहीं करेगी।कार्यवाही सिर्फ दोषियों पर होगी,दोषियों को बख्शा नहीं जायेगा। उधर,बहुजन समाज पार्टी का एक प्रतिनिधिमंडल नाहल कांड को लेकर डीसीपी ग्रामीण से मिला। हापुड बसपा जिलाध्यक्ष डाॅ ए के कर्दम के साथ बासिद प्रधान,सतीश प्रधान,हशमत ठेकेदार आदि के साथ कई ग्रामवासियों ने डीसीपी ग्रामीण सुरेंद्रनाथ तिवारी से मुलाकात कर गांव में निर्दोषों पर पुलिस की हो रही कार्रवाई को रोकने की मांग की।डीसीपी ग्रामीण ने बसपा के प्रतिनिधिमंडल को आश्वासन दिया है कि निर्दोषों पर पुलिस की कोई कार्रवाई नहीं की जायेगी लेकिन दोषियों को बख्शा नहीं जायेगा।