रायगढ़ जिले में 187 हाथियों का दल विचरण कर रहा है। पहली बार इतनी बडी संख्या में हाथियों की मौजूदगी को लेकर प्रभावित गांव के ग्रामीणों में दहशत का माहौल निर्मित है। बीती रात हाथियों ने 28 किसानों की फसलों को नुकसान पहुंचाया है। जिसके बाद वन विभाग की टीम नुकसान का आकलन कर आगे की कार्रवाई में जुट गई है। मिली जानकारी के मुताबिक वन विभाग के आंकड़ो के अनुसार रायगढ़ जिले के जंगलों में इन दिनों कुल 187 हाथी अलग-अलग जंगलों में विचरण कर रहे हैं। हाथियों की इतनी बड़ी संख्या से वन विभाग लगातार हाथियों के मूवमेंट पर नजर बनाये हुए है। धरमजयगढ़ वन मंडल की बात करें तो यहां 127 हाथी अलग-अलग रेंज में विचरण कर रहे हैं जिसमें लैलूंगा रेंज में सर्वाधिक 61 हाथी, छाल में 22, बोरो में 13, कापू में 13, बाकारूमा में 11 के अलावा धरमजयगढ़ में 07 हाथियों की मौजूदगी है। इसी तरह रायगढ़ वन मंडल में 60 हाथी है जिसमें घरघोड़ा रेंज में 28, रायगढ़ में 22 के अलावा तमनार रेंज में 10 हाथियों की मौजूदगी है। हाथियों के इस दल में 49 नर, 85 मादा के अलावा 53 हाथी शावक शामिल है। बीती रात जंगली हाथियों ने 28 किसानों की फसलों को नुकसान पहुंचाया है जिसमें लैलूंगा के कर्रा, सियारपारा में 06, बैगीनझरिया में 06, सेमीपाली में 01, प्रेम नगर में 01 के अलावा रायगढ़ वन मंडल के नवागढ़ में 07 के अलावा सामारूमा में 03 किसानों की फसल को हाथियों ने नुकसान पहुंचाया है। रायगढ़ जिले में हाथियों की इतनी बड़ी संख्या से जहां प्रभावित गांव के ग्रामीणों में दहशत का माहौल देखा जा रहा है वहीं हाथी विचरण क्षेत्रों में हाथी टैªकिंग दल एवं हाथी मित्र दल की टीम लगातार गांव-गांव में मुनादी कराकर प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। गांव के ग्रामीणों को कहा जा रहा है कि हाथी से दूरी बनाये रखें और गांव में हाथी आने की सूचना तत्काल वन विभाग को दें।