महासमुंद में एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स और बसना पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए ओडिशा से गांजा की तस्करी कर रहे तीन अंतर्राज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 150 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ है, जिसकी कीमत 75 लाख रुपये बताई जा रही है। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त दो क्रेटा कारें और तीन मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। अंतर्राज्यीय तस्करों का गिरोह सक्रिय यह मामला बसना थाना क्षेत्र का है, जहां पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि कुछ लोग गांजा की बड़ी खेप लेकर ओडिशा से छत्तीसगढ़ की ओर आ रहे हैं। सूचना के आधार पर पुलिस ने पलसापाली बेरियर के पास घेराबंदी कर तीन संदिग्ध व्यक्तियों को रोका। तलाशी लेने पर उनके वाहनों से भारी मात्रा में गांजा बरामद हुआ। प्रारंभिक पूछताछ में पता चला कि पकड़े गए आरोपी ओडिशा के जिला सोनपुर और बौद्ध के रहने वाले हैं। गिरफ्तार तस्करों की पहचान गिरफ्तार किए गए तस्करों की पहचान तन्मय मिश्रा उर्फ लिपुन, प्रमोद कल्ता उर्फ सिकन और दीनबंधु मिश्रा पिता सर्वेश्वर मिश्रा के रूप में हुई है। यह गिरोह लंबे समय से अंतर्राज्यीय स्तर पर गांजा तस्करी के नेटवर्क से जुड़ा हुआ था। पुलिस अब इस गिरोह के अन्य सदस्यों और उनके द्वारा संचालित किए जा रहे पूरे नेटवर्क का पता लगाने के लिए गहन जांच कर रही है। पुलिस की बड़ी कार्रवाई इस बरामदगी से पुलिस ने नशीले पदार्थों की तस्करी पर एक बड़ी चोट पहुंचाई है। 75 लाख रुपये के गांजे की खेप को जब्त कर पुलिस ने क्षेत्र में नशीले पदार्थों के प्रसार को रोकने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया है। पुलिस अधीक्षक ने एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स और बसना पुलिस की इस सराहनीय कार्रवाई के लिए टीम की प्रशंसा की है और उन्हें पुरस्कृत करने की घोषणा की है। आगे की जांच जारी है ताकि इस तस्करी रैकेट के सभी पहलुओं को उजागर किया जा सके।