सरगुजा जिले में शादी से इंकार करने वाली एक युवती का उसके शादीशुदा प्रेमी और उसके तीन दोस्तों ने अपहरण कर लिया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चंद घंटों में युवती को सकुशल बरामद कर लिया और चारों अंतर्राज्यीय आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त कार और चार मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं। पुलिस की तत्परता से युवती सकुशल बरामद वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सरगुजा राजेश कुमार अग्रवाल के निर्देशन में थाना गांधीनगर और थाना मनेन्द्रगढ़ की पुलिस टीमों ने संयुक्त रूप से यह कार्रवाई की। अपहरण की सूचना मिलते ही एसएसपी ने जिला मुख्यालय के सभी बाहरी रास्तों और सीमावर्ती जिलों के थानों पर नाकेबंदी के निर्देश दिए थे। जानकारी के अनुसार, हिरालाल साहू, निवासी फुन्दुरडिहारी तुर्रापानी, थाना गांधीनगर ने 15 जनवरी 2026 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि एक युवती उनके मकान में किराए पर रहकर काम कर रही थी। 15 जनवरी की शाम को कुछ लोगों ने उसे जबरन कार में बैठाकर अपहरण कर लिया। युवती के चिल्लाने की आवाज सुनकर आसपास के लोगों ने पीछा भी किया था। रिपोर्ट के आधार पर थाना गांधीनगर में अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की गई। सीसीटीवी और साइबर सेल से मिले अहम सुराग पुलिस टीम ने घटनास्थल के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, जिसमें युवती को जबरन कार में बैठाया जा रहा था। साइबर सेल से मिली तकनीकी जानकारी के आधार पर युवती को कोरिया-मनेन्द्रगढ़ मार्ग की ओर ले जाया जा रहा था। इस सूचना पर अन्य जिलों को भी सूचित कर नाकेबंदी कराई गई। थाना मनेन्द्रगढ़ पुलिस ने संदिग्ध कार को रोककर जांच की तो उसमें युवती मिली, जो पुलिस को देखकर रोने लगी। युवती को हिरासत में लेकर थाना मनेन्द्रगढ़ लाया गया, जहां थाना गांधीनगर पुलिस ने चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर युवती को सुरक्षित बरामद कर लिया। शादी से इनकार बना अपहरण का कारण महिला अधिकारी द्वारा लिए गए युवती के बयान में उसने बताया कि आरोपी रामप्रसाद और उसके तीन साथियों ने उसे जबरन कार में बैठाया और जान से मारने की धमकी दी। पूछताछ में मुख्य आरोपी रामप्रसाद ने स्वीकार किया कि वह शादीशुदा है और युवती को पहले से जानता था। युवती द्वारा शादी से इंकार किए जाने पर वह नाराज हो गया और अपने साथियों के साथ मिलकर अपहरण की योजना बनाई। गिरफ्तार आरोपियों में रामप्रसाद तंवर (32 वर्ष), लालचंद्र (26 वर्ष), कमलेश तंवर (19 वर्ष) और भंवरलाल (22 वर्ष) शामिल हैं। ये सभी मध्य प्रदेश के अलग-अलग जिलों के रहने वाले हैं।