मोरी क्षेत्र के युवाओं को अब स्नातक की पढ़ाई के लिए जनपद के अन्य शहरों की ओर नहीं जाना पड़ेगा। यहां राजकीय महाविद्यालय का संचालन शुरू हो गया है। महाविद्यालय में स्नातक प्रथम (बीए) वर्ष के लिए प्रवेश प्रक्रिया शुुुरू कर दी गई है। शुरुआती दौर में महाविद्यालय में स्नातक स्तर पर सात विषय स्वीकृत किए गए हैं।
मोरी क्षेत्र के युवाओं के लिए राहत भरी खबर है। यहां नव सृजित राजकीय महाविद्यालय का संचालन शुरू कर दिया गया है। प्रवेश प्रक्रिया के लिए विज्ञप्ति जारी की गई है। प्रवेश प्रक्रिया संपन्न कराने के लिए महाविद्यालय में एक प्राचार्य व एक शिक्षणेत्तर कर्मचारी की तैनाती की गई है। प्रभारी प्राचार्य देवी प्रसाद पांडे ने बताया कि प्रवेश प्रक्रिया 16 दिसंबर से शुरू होगी। प्रवेश शैक्षणिक सत्र 2021-22 के लिए किए जा रहे हैं। प्रवेश प्रक्रिया जीआईसी मोरी में संपन्न होगी। फिलहाल कालेज के संचालन के लिए जीआईसी मोरी में दो कक्षों की व्यवस्था की गई है।
प्रभारी प्राचार्य पांडे ने बताया कि कक्षाओं के संचालन के लिए मिनी सचिवालय ननाई का चयन किया गया है। प्रवेश प्रक्रिया पूरी होने के बाद यहां कक्षाओं का संचालन किया जाएगा। महाविद्यालय के लिए शिक्षकों के सात पद स्वीकृत किए गए हैैं। शिक्षणेत्तर कर्मचारियों में दो कनिष्ठ सहायक के पद स्वीकृत हैं। चतुर्थ श्रेणी के चार पदों पर उपनल से तैनाती की जाएगी। प्रभारी प्राचार्य पांडे ने बताया कि जिन विषयों में प्रवेश होंगे, उनकी सूची तैयार कर निदेशालय को भेजी जाएगी। जहां से शिक्षकों की तैनाती की जाएगी।
इन विषयों का होगा संचालन
नव सृजित राजकीय महाविद्यालय में हिंदी, अंग्रेजी, शिक्षा शास्त्र, अर्थशास्त्र, समाज शास्त्र, राजनीति शास्त्र व इतिहास विषय को स्वीकृति दी गई है। इन विषयों में ही प्रवेश प्रक्रिया शुुुुरू की गई है। बाद में विषयों में शिक्षकों की तैनाती की जाएगी।