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सिडकुल कार्यालय की नियुक्तियों में हुआ फर्जीवाड़ा

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पारितोष वर्मा, आरएम सिडकुल। - फोटो : RUDRAPUR
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सिडकुल घोटाले की जांच अभी पूरी भी नहीं हुई है कि अब नया मामला सामने आ गया है। मुख्यालय स्तर से इस पर गोपनीय जांच शुरू हो गई है। सिडकुल कार्यालय की नियुक्ति के दौरान नियमों को दरकिनार कर फर्जीवाड़ा किया गया। बताया जा रहा है कि साठगांठ कर कर्मचारियों की नियुक्ति की गई हैं, जिसमें योग्य कर्मचारियों को किनारे कर दिया गया है।
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वर्ष 2012 से 2017 तक पंतनगर सिडकुल में बनाए गए सिटी पार्क में यूपी निर्माण निगम की ओर से कई निर्माण कार्य किए गए थे। सरकार की ओर से कराए गए ऑडिट में निर्माण कार्यो के साथ ही कर्मचारियों की नियुक्ति और वेतन निर्धारण में कुछ अनियमिताएं मिली थीं। शासन की ओर से एसआईटी का गठन कर जांच की गई तो सिटी पार्क के मुख्य द्वार, शौचालय, फव्वारे, सीसी मार्ग व चाहरदीवारी निर्माण में वित्तीय अनियमित्ताएं सामने आई थीं।
वहीं काशीपुर एस्कार्ट फार्म स्थित सिडकुल इंडस्ट्रियल एरिया में विभिन्न सेक्टरों को जाने वाली सड़कों के किनारे बरसाती पानी की निकासी के लिए बनाए स्ट्रांग वाटर ड्रेन में भी वित्तीय गड़बड़ियां मिली। तकनीकि कमेटी गठित होने के बाद मामले की जांच की जा रही है। इधर, घोटाले की जांच अभी पूरी नहीं हुई कि सिडकुल कार्यालय में नियुक्ति के दौरान फर्जीवाड़ा सामने आ गया है।
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एसआईटी सूत्रों के अनुसार जिन कर्मचारियों को योग्यता के अनुसान नौकरी नहीं मिली। उन्होंने भी अंदरखाने मोर्चा खोला हुआ है। शासन स्तर तक मामला पहुंचने के बाद मामले में मुख्यालय स्तर से एक कमेटी गठित कर मामले की जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद तत्कालीन अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई हो सकती है।
डिग्रियों पर भी उठ रहे सवाल
रुद्रपुर। सिडकुल कार्यालय में तैनात कर्मचारियों की डिग्रियों पर भी सवाल खड़े होने लगे हैं। बताया जा रहा है कि कई कर्मचारियों ने फर्जी तरीके से डिग्रियां लेकर तैनाती पा ली। इसके चलते योग्य युवाओं को नौकरी से अलग होना पड़ा। जो व्यक्ति पद के लिए कुशल व योग्य था ही नहीं उसे कुर्सी पर बैठा दिया गया। पूरे कर्मचारियों की तैनाती हेड मुख्यालय देहरादून से हुई थी। (संवाद)
इन पदों पर हुई नियुक्तियां
रुद्रपुर। जेई, एई, टैक्निकल अकाउंटेंट, सीएसआईटी, रिसेप्शनलिस्ट, चालक, चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी।
सिडकुल घोटाले की जांच लंबे समय से चल रही है। शासन स्तर से एसआईटी के साथ तकनीकी कमेटी को गठित किया गया है। सिडकुल के निर्माण के समय सभी पहलुओं की जांच चल रही है, जिसमें कर्मचारियों की नियुक्तियां भी शामिल हैं।
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-पारितोष वर्मा, आरएम, सिडकुल।
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