देवस्थानम बोर्ड को लेकर केदारनाथ के तीर्थपुरोहितों ने मद्महेश्वर घाटी के गांवों का भ्रमण कर ग्रामीणों से समर्थन मांगा। उधर, केदारनाथ में देवस्थानम बोर्ड के विरोध में आंदोलनकारियों का क्रमिक अनशन 23वें दिन भी जारी रहा।
बुधवार को युवा कांग्रेस अध्यक्ष मनीष बगवाड़ी व पूर्व नपं अध्यक्ष रीता पुष्पवाण के नेतृत्व में तीर्थपुरोहितों ने रांसी, गौंडार, मनसूना, गिरीया, राउलेंक का भ्रमण किया। इस दौरान गांवों में केदारनाथ व द्वितीय केदार से जुड़े लोगों से देवस्थानम बोर्ड के विरोध में समर्थन मांगा गया। उनका कहना था कि भाजपा सरकार ने चारधाम के तीर्थपुरोहित व हक-हकूकधारियों से विचार-विमर्श किए बिना बोर्ड का गठन किया है, जो उन्हें मंजूर नहीं है। वहीं आचार्य संतोष त्रिवेदी ने बताया कि गांवों से अच्छा समर्थन मिल रहा है। आगामी 13 सितंबर को जिला मुख्यालय में सभी समर्थित गांवों के लोग, तीर्थपुरोहितों के साथ शामिल होंगे। इस मौके पर कमल तिवारी, कमल त्रिवेदी, हिमांशु तिवारी, तेज प्रकाश त्रिवेदी, अंकित त्रिवेदी आदि मौजूद थे।
उधर, केदारनाथ में केदार सभा के महामंत्री कुबेरनाथ पोस्ती के नेतृत्व में देवस्थानम बोर्ड के विरोध में 23वें दिन भी क्रमिक अनशन जारी रहा। इस अवसर पर सौरभ शुक्ला, विमल तिवारी, नवीन तिवारी ने अनशन स्थल पर धरना दिया। उन्होंने कहा कि जब तक प्रदेश सरकार बोर्ड को भंग नहीं करती आंदोलन जारी रहेगा।