आर्य समाज उदयरामपुर की बैठक में नई कार्यकारिणी गठित करते हुए आर्य समाज के संस्थापक महर्षि दयानंद सरस्वती के बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया गया। मौके पर मोहन सिंह भारती को प्रधान, मंगल सिंह को उपप्रधान और मनीष आर्य को मंत्री चुना गया। बैठक में कण्वाश्रम की उपेक्षा का आरोप लगाते हुए कोटद्वार से कण्वाश्रम के लिए सीधी रोडवेज बस सेवा लगाने की मांग की गई।
कण्वाश्रम रोड उदयरामपुर में संस्था के संरक्षक सुरेंद्र लाल आर्य के निवास पर हुई बैठक हवन-यज्ञ के साथ शुरू हुई। कार्यक्रम की अध्यक्षता वयोवृद्ध गंगा सिंह मटियाली और संचालन पपेंद्र कुमार ने की। सुभाष चंद्र पुंडीर ने कहा कि आर्य समाज की स्वतंत्रता संग्राम आंदोलन में अहम भूमिका रही है लेकिन सरकारों ने आर्य समाज के योगदान को भुला दिया है। आर्य समाज के संस्थापक महर्षि दयानंद सरस्वती महान समाज सुधारक थे। उन्होंने बहिष्कृत समाज को मुख्यधारा से जोड़ने और उन्हें समाज में बराबरी का दर्जा देने के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया था। उनके विचार आज भी प्रासंगिक हैं।
वक्ताओं ने कहा चक्रवर्ती सम्राट भरत की जन्मस्थली कण्वाश्रम एक पर्यटक स्थल है किंतु कोटद्वार से कण्वाश्रम आने के लिए परिवहन की कोई सुगम व्यवस्था नहीं है। कोटद्वार से कण्वाश्रम के लिए रोडवेज की बस सेवा शुरू की जानी चाहिए। इस मौके पर सुरेंद्र लाल आर्य को संरक्षक, पपेंद्र कुमार को उपमंत्री, राजकमल को कोषाध्यक्ष चुना गया। कार्यकारिणी में गंगा सिंह मटियाली, सुभाष चंद्र पुंडीर, प्रताप सिंह, दीपक चंद्र आर्य को लिया गया।