विकासखंड दुगड्डा के आमसौड़ गांव में बुधवार रात को छह हाथियों को झुंड घुस गया। हाथियों ने इस दौरान चारापत्ती के पेड़ों, बागवानी और खेतों में खड़े पशु चारे को नुकसान पहुंचाया। ग्रामीणों ने करीब चार घंटे की मशक्कत के बाद किसी तरह हाथियों को जंगल में खदेड़ा। हाथियों की धमक से ग्रामीणों में दहशत बनी हुई है।
आमसौड़ निवासी सामाजिक कार्यकर्ता इंद्रमोहन जुयाल ने बताया कि बुधवार रात 10:00 बजे के करीब छह हाथियों का झुंड गांव में घुस गया। इस दौरान हाथियों ने उनके बगीचे में लगाए गए आम के पेड़ों को रौंद डाला। साथ ही चारापत्ती के पेड़ों और खेतों में खड़े पशुचारे को भी तहस-नहस कर दिया। रात 12:00 बजे के करीब हाथियों की चिघाड़ सुनकर वह अन्य ग्रामीणों के साथ मौके पर पहुंचे और हाथियों को खदेड़ने के प्रयास शुरू कर दिए।
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उन्होंने बताया कि करीब चार घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद किसी तरह हाथियों के झुंड को गांव से दूर जंगल की ओर खदेड़ने में सफलता मिली। कहा कि हाथियों की धमक से ग्रामीणों में दहशत बनी हुई है। उन्होंने वन विभाग से हाथियों को आबादी क्षेत्र में घुसने से रोकने के लिए क्षेत्र में गश्त बढ़ाने की मांग की है।
उधर, दुगड्डा के रेंजर उमेश जोशी ने बताया कि मामला संज्ञान में है। हाथियों को आबादी क्षेत्र में घुसने से रोकने के लिए क्षेत्र में वनकर्मियों की गश्त बढ़ाई जा रही है। कहा कि इस गांव में हाथियों को आबादी क्षेत्र में आने से रोकने के लिए सोलर तारबाड़ लगाना भी प्रस्तावित है।