कोटद्वार के सत्तीचौड़ में शफा होम नशा मुक्ति केंद्र का निरीक्षण करती एएसपी मनीषा जोशी।
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नशा मुक्ति केंद्रों में अपराधियों के छिपने की शिकायतें मिल रही हैं, जिसके तहत कोटद्वार के सभी नशा मुक्ति केंद्रों की जांच की जा रही है। इसी के तहत बृहस्पतिवार को अपर पुलिस अधीक्षक मनीषा जोशी ने सत्तीचौड़ स्थित नशा मुक्ति केंद्र शफा होम का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने शफाहोम के संचालक से वहां पर उपचार करा रहे लोगों के सत्यापन को लेकर जानकारी ली।
एएसपी मनीषा जोशी, सीआईयू प्रभारी निरीक्षक विजय सिंह के साथ सत्तीचौड़ स्थित नशा मुक्ति केंद्र शफा होम पहुंची। एएसपी ने केंद्र के संचालक से केंद्र में रह रहे लोगों के सत्यापन को लेकर उनके नामों की सूची मांगी और सभी का सत्यापन करने के निर्देश दिए। उन्होंने केंद्र के हॉल में चल रहे एक कार्यक्रम में शिरकत की। उन्होंने कहा कि नशे के कारण जीवन से जूझ रहे लोग अगर संकल्प लें तो नशे को हराया जा सकता है। मवाकोट के शफा होम वर्तमान में 120 लोग अपना उपचार करा रहे हैं। संचालक से यहां रह रहे लोगों की सूची ली गई है, जिसकी जांच की जाएगी।
वरिष्ठ नागरिकों और महिलाओं के साथ करें सम्मानजन व्यवहार : एएसपी
कोटद्वार। अपर पुलिस अधीक्षक कोटद्वार मनीषा जोशी ने पुलिस कर्मियों को अनुशासन का पाठ पढ़ाया। उन्होंने कहा कि वरिष्ठ नागरिकों और जनप्रतिनिधियों के साथ पुलिस के अधिकारी व कर्मचारी शालीनता से पेश आएं और किसी भी तरह का अभद्र व्यवहार न करें। अभद्रता की शिकायत मिलने पर संबंधित कर्मचारी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
बुधवार रात को कोतवाली में रात्रि गणना के दौरान उपस्थित सभी पुलिस अधिकारी, कर्मचारी, होमगार्ड और पीआरडी जवानों को एएसपी ने दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में कई लोग पुलिस का सहयोग करना चाहते हैं, लेकिन छोटी-छोटी बातों के कारण पुलिस की छवि खराब होती है और लोग पुलिस के प्रति नफरत की भावना रखने लगते हैं। उन्होंने पुलिस कर्मियों से मीडिया कर्मी और जनप्रतिनिधियों के साथ समन्वयक स्थापित करने की अपील की। इस अवसर पर पुलिस क्षेत्राधिकारी अनिल कुमार जोशी, कोतवाल नरेंद्र सिंह बिष्ट, एसएसआई प्रदीप नेगी, प्रमोद शाह के अलावा समस्त पुलिस के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद थे।