चमोला, सिमल्ट, कनोठ, गैरोली व सेनू के ग्रामीणों ने पीएमजीएसवाई से सिमली-शैलेश्वर मोटर मार्ग पर बरसात के दौरान गिरे मलबे व बोल्डरों को हटाने, क्षतिग्रस्त स्थानों पर डामरीकरण और पुश्ते व नालियों को दुरुस्त करने की मांग की है। ग्रामीणों ने कहा कि पूरा मार्ग खतरनाक बना हुआ है। ग्रामीण बदहाल मार्ग पर सफर करने को मजबूर हैं। जल्द सड़क दुरुस्त नहीं की गई तो क्षेत्र के लोग आंदोलन के लिए मजबूर होेंगे।
पीएमजीएसवाई के अधिकारियों से मुलाकात कर क्षेत्र के संजय चौहान, बीरेंद्र सिंह, दीपक पंवार, सुनील गैरोला,विनीत, प्रदीप, आशुतोष, मनोज, मुकेश ने कहा कि अक्तूबर में हुई बारिश के दौरान चमोला से लेकर सिमली तक पूरी सड़क बदहाल हो गई थी। साथ ही कई जगहों पर मलबा और पत्थर आ गए थे। पीएमजीएसवाई ने जेसीबी से मलबा हटाकर सिर्फ छोटे वाहनों के लिए यातायात बहाल किया गया लेकिन अब भी भारी मात्रा में मलबा व पत्थर सड़क किनारे पड़ा है। साथ ही सात स्थानों पर पुश्ते धंसे हैं। वहीं पीएमजीएसवाई के इंजीनियर हुकम सिंह का कहना है कि जल्द जेसीबी भेजकर मिट्टी हटा ली जाएगी और पुश्तों का निर्माण कर दिया जाएगा। संवाद