पिता रूपचंद्र ने आठ माह पहले प्रताप नगर की तीन बिस्वा जमीन बेटी के नाम रजिस्ट्री कर दी थी, जिसे लेकर बेटे राजेश ने रजिस्ट्री कैंसिल के लिए कोर्ट में डीड दाखिल की। इसके बाद ही बहन को कोर्ट से नोटिस गया। मंगलवार को कोर्ट में शिवकुमारी को अधिवक्ता के साथ पक्ष रखना था। गाजीपुर के घर से शिवकुमारी सुबह 6.30 बजे निकली और 9.30 बजे प्रताप नगर कॉलोनी पहुंची। बहन को घर में घुसता देख राजेश का गुस्सा पारा हाई हो गया। घर के बाहर प्लॉट में बैठे पिता से राजेश का विवाद शुरू हुआ।
आक्रोशित राजेश ने पास में पड़े रॉड से पिता के सिर पर हमला कर दिया। पिता की चीख सुनकर बहन शिवकुमारी घर के अंदर से बाहर आई। पिता को लहूलुहान देख शोर मचाने लगी। तभी राजेश ने उसे भी दौड़ाया और घर के अंदर सिलबट्टे से उसका सिर कूंच दिया। चीख पुकार सुनकर पड़ोसियों ने पुलिस को सूचना दी।
मौके पर कैंट पुलिस जब पहुंची तो प्लॉट में खून से लथपथ पिता का शव पड़ा था और कमरे में बहन का खून से सना शव मिला। दूसरे कमरे में राजेश, उसकी पत्नी इंदू और एक बेटी थी। घटनास्थल पर पहुंचे कैंट इंस्पेक्टर शिवाकांत मिश्रा ने फॉरेंसिक टीम समेत उच्चाधिकारियों को जानकारी दी। अपर पुलिस आयुक्त अपराध राजेश कुमार सिंह, अपर पुलिस आयुक्त कानून व्यवस्था शिवहरी मीणा, एडीसीपी वरुणा नीतू कात्यायन, कैंट एसीपी नितिन तनेजा ने घटनास्थल का निरीक्षण किया।