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UP News: वाराणसी में खुला UP का पहला क्रेच सेंटर, शिक्षिकाओं और महिला कर्मचारियों को होगी सहूलियत

Sat, 09 Mar 2024 11:54 AM IST
अमन विश्वकर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी

सार

UP News: अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर यह सुविधा मिली। इससे शिक्षिकाओं और महिला कर्मचारियों को सहूलियत होगी। राज्यमंत्री ने कहा कि इस सेंटर के खुलने से प्रदेशभर में संदेश जाएगा। इस तरह के सेंटर और विद्यालयों और सरकारी विभागों में भी शुरू करने की जरूरत है।
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क्रेच का उद्घाटन करते मंत्री रविंद्र जायसवाल। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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वाराणसी के राजकीय क्वींस कॉलेज में प्रदेश का पहला क्रेच (शिशु गृह सेंटर) खुला। इसमें 10 बच्चों के रखने की व्यवस्था है। इसका उद्घाटन राज्यमंत्री रवींद्र जायसवाल ने किया। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर यह सुविधा मिली। इससे शिक्षिकाओं और महिला कर्मचारियों को सहूलियत होगी।

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इस दौरान राज्यमंत्री ने कहा कि इस सेंटर के खुलने से प्रदेशभर में संदेश जाएगा। इस तरह के सेंटर और विद्यालयों और सरकारी विभागों में भी शुरू करने की जरूरत है। उन्होंने इस क्रेच में सभी संसाधन उपलब्ध करने की घोषणा की। इस दौरान मंत्री ने सेंटर के पास में ही बने महिला शिक्षिकाओं के लिए स्टॉफ रूम और प्रसाधन केंद्र का भी उद्घाटन किया।

जिला विद्यालय निरीक्षक अवध किशोर सिंह ने कहा कि काशी से महिला शिक्षिकाओं के लिए इस ऐतिहासिक पहल की शुरुआत है। गायिका प्रो. रेवती साकलकर ने कहा कि ऐसी पहल महिलाओं को कार्यस्थल पर सशक्त करती है।
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इस मौके पर सह जिला विद्यालय निरीक्षक जयराम सिंह, उप प्रधानाचार्य डॉ. बृजेश सिंह, जीजीआईसी रामनगर की प्रधानाचार्या साधना राय, मलदहिया की प्रधानाचार्या निशा यादव, डॉ. प्रतिभा, डॉ. हरेंद्र राय, डॉ. विजय भारतीय सिंह, दिनेश कुमार सिंह आदि मौजूद रहे।

बच्चों की देखभाल करेगी महिला कर्मचारी
प्रधानाचार्य सुमीत कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि प्रदेश के राजकीय विद्यालयों में क्रेच की सुविधा शुरू करने वाला यह पहला विद्यालय है। उन्होंने बताया कि विद्यालय में 15 शिक्षिका, तीन महिला कर्मचारी हैं। इसमें से तीन महिलाओं के बच्चे छोटे हैं। इस क्रेच सेंटर में बच्चों के हर तरह के खिलौने, सोने के लिए बेड, खाने के लिए व्यवस्था की गई है। इसमें तीन वर्ष तक के बच्चों की विद्यालय परिसर में देखभाल की सुविधा प्रदान की जाएगी। बच्चों की देखरेख महिला कर्मचारी करेगी। इससे महिला शिक्षिकाओं के कार्यक्षमता के प्रदर्शन को बेहतर करने में सहयोग मिलेगा।

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