500 यात्री कर सकेंगे एक साथ यात्रा
पांच किलोमीटर लंबे रूट पर एक तरफ से 25 ट्राली के संचालन का प्रस्ताव दिया गया है। इसमें एक साथ 500 यात्री रोपवे की सेवा का लाभ उठा सकेंगे। वैपकास के अनुसार प्रतिदिन 15 से 20 हजार लोगों को रोपवे का लाभ मिल सकेगा। कैंट से गोदौलिया की दूरी 14 मिनट में पूरी की जा सकेगी। फिलहाल जाम और अन्य कारणों से इस दूरी को सड़क मार्ग से तय करने में 25 से 30 मिनट का समय लगता है।
बिना तोड़फोड़ के होगा निर्माण
रोपवे परियोजना में बिना तोड़फोड़ के निर्माण का प्रस्ताव दिया गया है। इसमें रथयात्रा से गोदौलिया के बीच संकरे रास्ते में भी रोपवे आसानी से गुजर जाएगा। इसके लिए रोपवे की ऊंचाई पर विचार किया जा रहा है। पांच किलोमीटर के रोपवे पर 424 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। जबकि इससे पहले मेट्रो परियोजना के प्रस्ताव पर शहर में तोड़फोड़ के साथ ही इस रूट पर तीन हजार करोड़ रुपये से ज्यादा के खर्च का अनुमान था।
विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष ईशा दुहन ने बताया कि इस परियोजना पर 80 फीसदी भारत सरकार और 20 फीसदी राज्य सरकार खर्च करेगी। 10 सितंबर तक पूरी रिपोर्ट भारत सरकार को भेजी जानी है। इससे पहले सुझावों के आधार पर सर्वे किया जाएगा।
एक नजर में
- कैंट से गोदौलिया के बीच पांच किलोमीटर लंबा रोपवे रूट
- 424 करोड़ रुपये खर्च किया गया है आकलन
- कैंट और गोदौलिया के अलावा साजन तिराहा और रथयात्रा पर भी स्टेशन
- एक साथ 500 यात्री रोपवे पर कर सकेंगे सफर
- प्रतिदिन 15 से 20 हजार यात्रियों को सहूलियत, 14 मिनट में पूरा होगा सफर