महिला सशक्तीकरण के राष्ट्रव्यापी अभियान का शुभारंभ
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जल्द ही वैवाहिक विवादों के निस्तारण के लिए प्रीलिटिगेशन (मुकदमेंबाजी से पूर्व) स्तर पर विशेष लोक अदालतों का आयोजन किया जाएगा। राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा शर्मा ने कहा कि पढ़ी-लिखी महिलाओं का उत्पीड़न ज्यादा होता है, जबकि ऐसी महिलाओं को अपने अधिकारों के प्रति आवाज उठानी चाहिए।
कार्यक्रम के दौरान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के कार्यपालक अध्यक्ष न्यायमूर्ति मुनीश्वर नाथ भंडारी ने कहा कि 10 जुलाई व 11 सितंबर 2021 को आयोजित लोक अदालतों में उत्तर प्रदेश द्वारा अधिकतम वादों का निस्तारण करते हुए देश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है।
कार्यक्रम में उच्चतम न्यायालय के न्यायमूर्तिगण कृष्ण मुरारी, विक्रम नाथ, उच्च इलाहाबाद के न्यायमूर्तिगण सुनीता अग्रवाल, केजे ठाकर, मंजू रानी चौहान, राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के सदस्य सचिव अशोक कुमार जैन, निदेशक पुनीत सहगल, अवर सचिव कमल सिंह, निदेशक जेटीआरआई आरएमएन मिश्रा आदि मौजूद रहे। संचालन अपर निदेशक जेटीआरआई राजीव महेश्वरम, व धन्यवाद ज्ञापन न्यायमूर्ति प्रितींकर दिवाकर ने किया।