नहीं दे पाए संतोषजनक स्पष्टीकरण
इंस्पेक्टर संध्या सिंह ने बताया कि आय से अधिक व्यय के बारे में सेवानिवृत्त इंस्पेक्टर प्रशांत कुमार श्रीवास्तव संतोषजनक स्पष्टीकरण नहीं दे पाए। ऐसे में प्रशांत का कृत्य भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत दंडनीय संज्ञेय अपराध की श्रेणी में आता है। इसलिए प्रशांत के खिलाफ शिवपुर थाने में मुकदमा दर्ज करा कर भ्रष्टाचार निवारण संगठन की ओर से जांच शुरू की गई है।
पूर्वांचल में ही गुजरा नौकरी का अधिकांश समय
मऊ जिले के पुलिस अफसरों ने बताया कि 1998 बैच के सब इंस्पेक्टर प्रशांत कुमार श्रीवास्तव ने नौकरी का अधिकांश समय पूर्वांचल में ही गुजारा है। अपनी नौकरी के दौरान वह वाराणसी, जौनपुर, गाजीपुर, मऊ, आजमगढ़ और बलिया जैसे जिलों में तैनात रहे हैं।