मुस्लिम छात्रा पढ़ा रही संस्कृत
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कुलदीप यादव और रोहित यादव इंजीनियर हैं, किरन यादव पुलिस, पूजा यादव शिक्षक हैं। प्रधानाचार्य ईशा सल्फी का कहना है कि बच्चों का सर्वांगीण विकास मुख्य मकसद है। कोशिश यही है कि यहां से बच्चे अच्छे इंसान बनकर निकलें।
ग्राम प्रधान केवल पत्ती देवी ने बताया कि गांव में शुरू से ही समरसता का भाव है। हिंदू-मुस्लिम के आधार पर कोई भेदभाव नहीं होता। जिला पंचायत सदस्य नीलू जायसवाल ने कहा कि जाति-धर्म के नाम पर समाज में वैमनस्यता फैलाने वालों को इस मदरसे से सीख लेनी चाहिए।
जिले में कई अन्य मदरसे भी हैं, जहां हिंदू-मुस्लिम दोनों वर्ग के बच्चे शिक्षा ले रहे हैं। चंवरी मदरसा भी उनमें एक है। सामाजिक सद्भाव को मजबूती देने वाले ऐसे संस्थानों को बढ़ावा देने की जरूरत है।
कमलेश कुमार, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी।