एक्सेंचर सॉल्यूशन इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के डायरेक्टर मोहन बाचू वाराणसी में काशी विश्वनाथ धाम में दर्शन करने आए थे जहां उनका लैपटॉप एक ई-रिक्सा में छूट गया। मोहन बाचू ने सारी घटना फेसबुक पोस्ट के जरिए बताई।
यूपी पुलिस अपनी तत्परता, बहादुरी और ईमानदारी के लिए जानी जाती है। इसका एक ताजा उदाहरण वाराणसी में देखने को मिला। जहां पुलिस ने 48 घंटे के अंदर ही एक दर्शनार्थी का लैपटॉप उन्हें वापस दिलवाया। शख्स ने काशी पुलिस की तारीफ में ना सिर्फ पोस्ट किया बल्कि तहे दिल से उनका शुक्रिया भी किया। दर्शनार्थी का ये पोस्ट अब काफी वायरल हो रहा है और वाराणसी पुलिस की हर तरफ वाहवाही भी हो रही है।
विज्ञापन
क्या है मामला ?
दरअसल, एक्सेंचर सॉल्यूशन इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के डायरेक्टर मोहन बाचू वाराणसी में काशी विश्वनाथ धाम में दर्शन करने आए थे जहां उनका लैपटॉप एक ई-रिक्शा में छूट गया। मोहन बाचू ने सारी घटना फेसबुक पोस्ट के जरिए बताई। उन्होंने लिखा- 'मैं काशी में परिवार के साथ बाबा के दर्शन के लिए आया था। जहां देर रात एक ऑटो में मेरे ऑफिस का लैपटॉप छूट गया। मैं तुरंत लक्सा पुलिस स्टेशन गया , ये पहली बार था जब मैं कोई केस फाइल करने पुलिस स्टेशन गया। यूपी पुलिस ने केस फाइल करने में मेरी ना सिर्फ मदद की बल्कि मुझे चाय-पानी के लिए भी पूछा।
उनके इस व्यवहार से मैं काफी प्रभावित हुआ। स्टेशन अधिकारी सूरज तिवारी ने मुझे भरोसा दिलाया कि उनकी टीम पूरी कोशिश करेगी और उनके लौटने से पहले उनका लैपटॉप उन्हें वापस दिलवाएगी। उनकी टीम (एसआई अनिल सिंह, कॉन्स्टेबल शनि यादव और कॉन्स्टेबल आयुष कुशवाहा) ने तुरंत ऑटो को ट्रैस करना शुरू कर दिया और सीसीटीवी फुटेज भी खंगाली।
विज्ञापन
पुलिस किस तरह से टेक्नोलॉजी का प्रयोग करके हमारी सुरक्षा के लिए अपना काम कर रही थी ये देखकर मैं प्रभावित हुआ। अगली सुबह तक ऑटो ट्रैस कर लिया गया और शाम तक मेरा लैपटॉप मेरे पास था। मैंने यूपी पुलिस की कार्यक्षमता के बारे में कई बार सुना लेकिन ये मेरा पहला अनुभव था जो कि बेहद सुखद रहा। मैं यूपी पुलिस को निस्वार्थ भाव से जनता की सेवा करने और उनके मित्रतापूर्ण व्यवहार के लिए धन्यवाद करना चाहता हूं।'
बता दें कि मोहन बाचू का ये पोस्ट प्रसिद्ध लेखक और राजनीतिक विशेषज्ञ शांतनु गुप्ता ने शेयर किया है। जिसके बाद से लोग रीट्वीट करके यूपी पुलिस की तारीफ कर रहे हैं।