उत्तर प्रदेश के गाजीपुर में 29 दिसंबर को हिंसा मामले के मुख्य आरोपी अर्जुन कश्यप का बयान सामने आया है। उसने भाजपा पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि गाजीपुर में जो घटना हुई है उसके जिम्मेदार भाजपा के लोग हैं। भाजपा सत्ता में है और उनके ही लोगों ने बवाल कराया था। उसने कहा कि हो सकता है हमारे लोगों ने बाद में पथराव किया हो लेकिन पुलिसकर्मी पर पत्थर नहीं फेंका गया।
अगर कानूनी तौर पर मैं मुख्य अपराधी माना जाता हूं तो मैं खुद सरेंडर कर दूंगा। उसने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने निषाद समुदाय की मांगों को पूरा करने का वादा किया था लेकिन कुछ नहीं हुआ। हमारी मांगो को न ही लोकसभा न ही राज्यसभा में रखा गया। आरोपी ने कहा कि अगर निषादों को आरक्षण नहीं दिया गया तो वे लोग लगातार प्रदर्शन करते रहेगें।
बताते चलें कि गाजीपुर में आरक्षण की मांग को लेकर निषाद समाज के लोग धरना-प्रदर्शन कर रहे थे। पीएम की सभा समाप्त होने के बाद बीते शनिवार की शाम एकाएक कठवामोड़ पुल पर जाम लग गया।
जाम देख पीएम की सभा से वापस लौट रही करीमुद्दीनपुर थाने की पुलिस जाम समाप्त कराने में जुट गई। तभी धरने पर बैठे लोगों ने पुलिस पर पथराव कर दिया। इस बीच कई वाहनों के शीशे टूटे। आंदोलनकारियों ने एक पुलिसकर्मी की बेरहमी से पिटाई कर दी, जिससे उसकी मौत हो गई।