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निजीकरण के विरोध में बैंकों में तालाबंदीः वाराणसी में 500 करोड़ का कारोबार प्रभावित, कर्मचारियों ने किया प्रदर्शन

Thu, 16 Dec 2021 09:58 PM IST
उत्पल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी

सार

वाराणसी के कचहरी स्थित एसबीआई मुख्य शाखा सहित अन्य शाखाओं में तालाबंदी रही। इसके अलावा बैंक ऑफ बड़ौदा, पंजाब नेशनल बैंक, केनरा बैंक, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया के मंडल और अंचल कार्यालय पर कर्मचारियों ने धरना दिया। 
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बैंक कर्मचारियों ने किया प्रदर्शन - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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राष्ट्रीयकृत बैंकों के निजीकरण के विरोध में कर्मचारियों का दो दिवसीय हड़ताल गुरुवार से शुरू हो गई। वाराणसी के बैंकों में तालाबंदी कर कर्मचारियों ने बैंकों के सामने धरना, प्रदर्शन किया। इस वजह से खातों में जमा, निकासी, चेक क्लीयरेंस आदि कार्यों के लिए आने वाले खाताधारकों को बिना काम के वापस लौटना पड़ा।

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इस दौरान वाराणसी में 500 करोड़ और पूर्वांचल में 1000 करोड़ कारोबार प्रभावित हुआ है। यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन के आह्वान पर कचहरी स्थिति एसबीआई मुख्य शाखा सहित अन्य शाखाओं में तालाबंदी रही। इसके अलावा बैंक ऑफ बड़ौदा, पंजाब नेशनल बैंक, केनरा बैंक, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया के मंडल और अंचल कार्यालय पर कर्मचारियों ने धरना दिया।

बैंक से निराश लौटे ग्राहक
इस वजह से मोबाइल बैंकिंग और आधार से खाता लिंक कराने पहुंचे लोगों को भी निराश लौटना पड़ा। यूपी बैंक इंप्लाइज यूनियन के मंत्री संजय शर्मा ने बताया कि सरक ार द्वारा मांगें न माने जाने तक विरोध जारी रहेगा। कहा कि हड़ताल के बाद भी सरकार ने कोई कार्रवाई नहीं की तो आंदोलन और बढ़ेगा। 
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अनिश्चितकालीन हो सकता है आंदोलन

बैंक हड़ताल - फोटो : अमर उजाला
महमूरगंज स्थित बैंक ऑफ इंडिया आंचलिक कार्यालय महमूरगंज में सभा में बैंक ऑफ इंडिया अधिकारी संगठन यूपी, उत्तराखंड के अध्यक्ष अभिषेक श्रीवास्तव ने कहा कि प्रस्तावित निजीकरण के फैसले को सरकार को वापस लेना ही पड़ेगा। ऐसा नहीं हुआ तो अनिश्चितकालीन हड़ताल भी की जा सकती है। बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी पत्र लिखा गया था, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। 
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