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UP Election 2022 : रामपुर के उद्योग क्यों बंद हुए? पढ़िए भाजपा, सपा, कांग्रेस और बसपा के बड़े नेताओं ने क्या जवाब दिया

Sat, 13 Nov 2021 05:15 PM IST
हिमांशु मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रामपुर

सार

रामपुर में आम लोगों के साथ चाय पर चर्चा, युवाओं और महिलाओं से संवाद के बाद 'अमर उजाला' का चुनावी रथ 'सत्ता का संग्राम' राजनीतिक दलों के नेताओं के बीच पहुंचा। भाजपा, सपा, बसपा, कांग्रेस और रालोद के नेताओं ने कई मुद्दों पर अपनी बात रखी। 
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रामपुर में चुनावी चर्चा करते हुए राजनीतिक दलों के नेता। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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कभी उद्योग नगरी के रूप में प्रसिद्ध रामपुर में फैक्ट्रियां क्यों बंद हो गईं? युवाओं के लिए रोजगार के अवसर कहां हैं? रामपुर में राजनीतिक दलों का चुनावी एजेंडा क्या होगा? जाति-धर्म और बयानों पर सियासत होगी या इस बार कुछ नया देखने को मिलेगा? सत्ताधारी पार्टी भाजपा ने साढ़े चार साल में क्या किया? विपक्ष सरकार के कामकाज को लेकर क्या सोचती है? 
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इन सवालों का जवाब जानने के लिए 'अमर उजाला' का चुनावी रथ 'सत्ता का संग्राम' रामपुर के प्रमुख राजनीतिक दलों के नेताओं के बीच पहुंचा। आंबेडकर पार्क में आयोजित इस कार्यक्रम में नेताओं के साथ उनके समर्थक भी मौजूद रहे। पढ़िए किसने क्या कहा? 

फैक्ट्रियां बंद होने पर एक-दूसरे को जिम्मेदार ठहराया

चुनावी चर्चा करते हुए समाजवादी पार्टी के नेता। - फोटो : अमर उजाला
रामपुर में तमाम फैक्ट्रियों के बंद होने का जिम्मेदार राजनीतिक दलों ने एक-दूसरे को ठहराया। समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष वीरेंद्र गोयल ने कहा कि ज्यादातर फैक्ट्रियां और चीनी मील अखिलेश सरकार के आने से पहले ही बंद हो चुकी थी। सपा सांसद और रामपुर के कद्दावर नेता आजम खान ने अखिलेश सरकार के रहते हुए इन फैक्ट्रियों को शुरू करवाने की काफी कोशिश की, लेकिन किसी कारणवश नहीं हो पाई। अब भाजपा की केंद्र और राज्य दोनों में ही सरकार है। इसके बावजूद यहां की बंद फैक्ट्रियां नहीं शुरू करवाई गई। 



कांग्रेस के जिलाध्यक्ष धर्म देव गुप्ता ने कहा कि 1989 तक जब प्रदेश में कांग्रेस की सरकार थी तब रामपुर में सैकड़ों फैक्ट्रियां थी, लेकिन इसके बाद की सरकारों की खराब नीतियों के चलते सब बंद हो गई। कांग्रेस ने केंद्र में रहते हुए भी कई फैक्ट्रियों को बचाए रखा, लेकिन अब सबकुछ बर्बाद हो चुका है। भाजपा, बसपा, सपा की सरकारों ने रामपुर की जनता के लिए कोई काम नहीं किया है। 

बसपा से शाह खान ने कहा कि मायावती ने हमेशा से उद्योग को बढ़ावा देकर आम लोगों के रोजगार के लिए काम किया है। इस बार अगर बसपा की सरकार बनती है तो रामपुर की बंद फैक्ट्रियों को फिर से शुरू करवाया जाएगा। युवाओं, महिलाओं को रोजगार दिया जाएगा। 

भाजपा के जिला मीडिया प्रभारी राजीव मांगलिक ने कहा कि सपा सरकार में बंद हुए फ्लाईवुड के कारोबार को फिर से लाइसेंस देकर शुरू करवाया गया। कई अन्य प्राइवेट फैक्ट्रियां भी रामपुर में लगी हैं। सरकार ने बंद पड़ी चीनी मीलों को शुरू करवाया है। 

बिजली व्यवस्था पर क्या बोले राजनीतिक दल? 

चुनाव पर चर्चा करते हुए प्रमुख राजनीतिक दलों के नेता। - फोटो : अमर उजाला
भाजपा नेता राजीव मांगलिक ने कहा कि अब रामपुर में 24 घंटे बिजली आने लगी है। पहले सपा सरकार में आजम खान लोगों को धमकाते थे कि अगर बिजली चाहिए तो वोट देना होगा। वह भी केवल शहरी इलाकों में ही बिजली दिया जाता था। भाजपा नेता प्रभा ने कहा कि आम जनता को सपा सरकार में बिजली के लिए ब्लैकमेल किया जाता था। 

सपा नेता वीरेंद्र गोयल ने भाजपा के आरोपों को गलत बताया। कहा कि सपा सरकार में ही रामपुर में सबसे अच्छी बिजली सुविधा थी। 

बसपा के शाह खान ने कहा कि बिजली सुविधा में पिछली और अबकी सरकार में कोई खास बदलाव नहीं देखने को मिला। शाह ने कहा, भाजपा सरकार ने चेकिंग के नाम पर हर किसी को परेशान कर रखा है। बिजली, दुकान, कार चेकिंग के नाम पर लूट हो रही है। सरकार सत्ता का दुरुपयोग कर रही है। शाह ने नगर पालिका के कामकाज को लेकर भी सवाल खड़े किए। कहा कि समाजवादी पार्टी के कब्जे वाले नगर पालिका में कोई काम नहीं होता है। लोग बेहाल हैं। 

कांग्रेस के धर्म देव गुप्ता ने कहा कि बिजली व्यवस्था में किसी तरह का सुधार नहीं आया है। लोग बेहाल हैं। 

सड़क, किसानों के लिए क्या बोले? 

कांग्रेस के धर्म देव गुप्ता ने कहा कि सपा सरकार में आजम खान ने रामपुर का सबसे पुराना पुल तुड़वा दिया। भाजपा ने भी बदले की भावना के चलते उसे अब तक नहीं बनवाया। सपा, बसपा और भाजपा तीनों की सरकारों में विकास का कोई काम नहीं हुआ है। सड़कें टूटी हुई हैं। किसान परेशान है। भाजपा सरकार ने गन्ना किसानों का भुगतान नहीं कराया। दाम अभी भी किसानों को काफी कम मिलते हैं। 

सपा नेता गोयल ने कहा कि किसान डेढ़ साल से धरने पर बैठे हुए हैं। उनकी कोई सुनवाई नहीं हो रही है। अब तक हजार से ज्यादा किसानों की मौत हो चुकी है, लेकिन भाजपा सरकार किसानों को नहीं सुन रही है। एक सपा समर्थक ने कहा कि धान की फसलें बाढ़ के चलते बर्बाद हो गई। सरकार ने कुछ नहीं किया। 

ग्राम एहमदनगर के राजकिशोर ने सपा और भाजपा दोनों पर ही निशाना साधा। कहा कि सपा सरकार ने जो पुल तुड़वाया था, उसे भाजपा सरकार को बनवाना चाहिए था। उसके न बनने से आम लोग काफी परेशान हैं। गांवों में बाढ़ की स्थिति हो जाती है। 

सांप्रदायिक सौहार्द पर नेताओं की राय?

चुनाव पर चर्चा करने के लिए कई राजनीतिक दलों के नेता जुटे। - फोटो : अमर उजाला
सपा, बसपा, कांग्रेस और रालोद ने एक स्वर में कहा कि भाजपा सरकार आने के बाद से सांप्रदायिक तनाव बढ़ गया है। राष्ट्रीय लोकदल के तारीफ फतेह ने कहा कि रामपुर गंगा-जमुनी तहजीब वाला शहर हुआ करता था। आज यहां मुसलमानों का उत्पीड़न हो रहा है। योगी जी धमकी देते हैं कि बुल्डोजर चलवा दूंगा। डराते हैं। चार हजार मुस्लिमों को झूठे केस में जेल के अंदर भिजवा दिया। 

भाजपा के राजीव मांगलिक ने विपक्ष के आरोपों को झूठ बताया। कहा कि सपा सरकार में ही सबसे ज्यादा हिंदू-मुस्लिम दंगे हुए हैं। भाजपा की सरकार में एक भी नहीं हुआ। भाजपा सरकार में सांप्रदायिक सौहार्द कायम हुआ है।
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विपक्ष ने और क्या सवाल किया?

  • सपा और कांग्रेस ने महिला सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े किए। कहा कि भाजपा सरकार में महिलाओं का उत्पीड़न बढ़ गया है। महिलाओं के खिलाफ हिंसक गतिविधियां ज्यादा होने लगी हैं। 
  • युवा बेरोजगार हैं। सरकार ने रोजगार के लिए कुछ नहीं किया। 
  • स्वास्थ्य सेवाएं बदहाल हैं।  
  • मुसलमानों को टारगेट किया जा रहा है। झूठे केस में फंसाया जा रहा है। 
  • शिक्षा व्यवस्था पूरी तरह से चौपट हो चुकी है। 

भाजपा ने क्या जवाब दिया?
  • महिलाएं अब पहले से कहीं ज्यादा सुरक्षित हैं। रात में 12 बजे भी महिलाएं बेखौफ घरों के बाहर निकल सकती हैं। 
  • युवाओं को स्किल डेवलपमेंट, स्टार्टअप इंडिया के जरिए स्वरोजगार कराया जा रहा है। 
  • कोरोनाकाल में जितनी स्वास्थ्य सेवाएं बढ़ी हैं, उतनी पिछले 50 साल में भी नहीं हुई थी। 
  • जो अपराध करेगा उसे उसकी सजा मिलेगी। भाजपा सरकार में बिना भेदभाव के कार्रवाई होती है। अपराध करने वाला कोई भी होगा उसे सजा मिलेगी। 
  • नवोदय विद्यालय खुले हैं। शिक्षा व्यवस्था पहले के मुकाबले काफी बेहतर हुई है। 
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