सुल्तानपुर। पौधरोपण के लिए चल रहे अभियान में यूपीडा ने भी करीब सैकड़ा भर ग्राम पंचायतों पर प्रत्येेक में चार हजार का लक्ष्य थोप दिया है। चार हजार का अतिरिक्त पौध से सैकड़ा भर ग्राम पंचायतों का लक्ष्य 5700 के करीब पहुंच गया है।
जिले स्तर से करीब 1700 का लक्ष्य प्रत्येक ग्राम पंचायत को पहले ही दिया जा चुका है। ऐसे में सैकड़ा भर ग्राम पंचायतों के सामने पौधरोपण कराने की समस्या खड़ी हो गई है।
शासन के निर्देश पर जिले में करीब 38 लाख पौधरोपण का लक्ष्य मिला है। इसमें जिले स्तर से राजस्व, ग्राम्य विकास व पंचायतराज विभाग को मिलाकर प्रत्येक ग्राम पंचायतों को करीब 1700 पौधरोपण का लक्ष्य एक से सात जुलाई तक दिया गया है।
आंकड़ों के अनुसार जिले की 979 ग्राम पंचायतों को कुल 17 लाख, 37 हजार, 573 का लक्ष्य दिया गया है। ग्राम पंचायतें इसी लक्ष्य को पूरा करने के लिए परेशान हैं। इस बीच जिले से गुजरे पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे के किनारे स्थित करीब सौ ग्राम पंचायतों को यूपीडा ने चुार-चार हजार पौधरोपण का लक्ष्य दे दिया है।
यूपीडा ने ग्राम पंचायतों को इसे एक्सप्रेस-वे के किनारे लगवाने की सलाह दी है। इसके बाद सैकड़ा भर ग्राम पंचायतों के पौधरोपण का लक्ष्य करीब 5700 के पास पहुंच गया है। यह लक्ष्य सैकड़ा भर ग्राम पंचायतों पर भारी पड़ने लगा है।
ग्राम प्रधान, सेक्रेटरी व अन्य कर्मचारी 5700 के लक्ष्य को लेकर हैरान हो गए हैं। अफसरों के दबाव की वजह से कर्मचारी मजबूर हो गए हैं। स्थिति को देखते हुए पौधरोपण में गड़बड़ी की आशंका भी जताई जा रही है।
मनरेगा से गड्ढा खोदाई की व्यवस्था
जिले स्तर से ग्राम पंचायतों को मिले पौधरोपण के लक्ष्य को पूरा करने के लिए प्रशासन व विकास विभाग ने मनरेगा से गड्ढा खोदने व पौधरोपण की व्यवस्था कराई है। गड्ढा खोदाई मनरेगा मजदूरों से कराने को कहा गया है। मनरेेगा से गड्ढा खोदाई होने से जिले स्तर का लक्ष्य पूरा होने की संभावना जताई जा रही है।
यूपीडा ने नहीं दिया पौधे लगाने का खर्च
करीब सैकड़ा भर ग्राम पंचायतों को चार हजार की दर से पौधे देने वाली यूपीडा ने पंचायतों को रोपने का खर्च नहीं दिया। पौधे रोपने का खर्च नहीं मिलने से ग्राम पंचायतें परेशान हैं। यूपीडा से मिले पौधे रोपने की व्यवस्था पंचायतें नहीं कर पा रही हैं।
पूरा कर लिया जाएगा दोनों लक्ष्य
जिला पंचायतराज अधिकारी आरके भारती ने बताया कि यूपीडा से एक्सप्रेस-वे के किनारे स्थित लगाने के लिए ग्राम पंचायतों को पौधे दिए गए हैं। जिला स्तर से मिले पौधे को लगाने के लिए मनरेगा से गड्ढा खोदाई कराकर रोपण कराया जा रहा है। यूपीडा व जिले स्तर के लक्ष्य को पूरा कर लिया जाएगा।