27. अखिलेश की प्रस्तावित जनसभा में खाली हुईं कुर्सिंयां।
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सुल्तानपुर। पीएम मोदी की रैली के जवाब में बुुधवार को जनसभा करने आ रहे सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष रात 11 बजे तक कार्यक्रम स्थल तक नहीं पहुंच सके। शाम तक उनके नहीं पहुंचने से मायूस भीड़ वापस घर लौटने लगी। भीड़ के छंटने से आयोजकों को तगड़ा झटका लगा है। आयोजकों की मेहनत पर पानी फिर गया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के एयर स्ट्रिप के पास अरवलकीरी करवत में जनसभा को संबोधित किया था। पीएम ने सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव पर जमकर हमला बोला था। इसके साथ ही पूर्वांचल एक्सप्रेसवे को पूर्वी उत्तर प्रदेश की लाइफ लाइन बताया था। वहीं, पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के लोकार्पण के साथ प्रधानमंत्री की अरवलकीरी करवत में जनसभा प्रस्तावित होने के बाद से ही पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव यह दावा करते रहे हैं कि इस एक्सप्रेसवे की शुरुआत उन्होंने की थी। प्रधानमंत्री की जनसभा संपन्न होने के बाद उनके कार्यक्रम स्थल से महज दो सौ मीटर की दूरी पर बुधवार की अपराह्न चार बजे अखिलेश यादव की जनसभा होनी थी।
माना जा रहा था कि जनसभा के जरिए एक्सप्रेसवे का श्रेय खुद लेते हुए अखिलेश पीएम मोदी के आरोपों का जवाब देंगे। आयोजकों ने तीन बजे की जनसभा की घोषणा करके भीड़ को बटोरा था। चार बजे तक जनसभा स्थल पर खासी भीड़ जमा हो गई थी। शाम तक आयोजकों की ओर भीड़ को बांधे रखने के लिए सभा के संबोधन का कार्यक्रम चलता रहा। संबोधन में सपा नेताओं ने पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे को सपा सरकार की उपलब्धि बताया। शाम तक पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के कार्यक्रम स्थल तक नहीं पहुंचने से भीड़ छंटने लगी। रात 11 बजे तक भीड़ की गिनती सैकड़ा पर सिमट गई। भीड़ के छंटने से आयोजकों को करारा झटका लगा है। आयोजकों में पूर्व विधायक अरुण वर्मा, एमएलसी शैलेंद्र प्रताप सिंह, पूर्व विधायक संतोष पांडेय, पूर्व विधायक अनूप संडा, जिलाध्यक्ष पृथ्वीपाल यादव समेत अन्य शामिल रहे। इस मौके पर विधायक अबरार अहमद, पूर्व विधायक रामचंद्र चौधरी, शकील अहमद, सलाहुद्दीन समेत अन्य सपा नेता मौजूद रहे।
दोपहर में रोका गया पूर्वांचल एक्सप्रेसवे का रास्ता
दोपहर कंस्ट्रक्शन कंपनी ने फुलौना के पास पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर बोल्डर रखकर रास्ता बंद कर दिया। इस बीच रैलियों में आने वाले वाहनों की कतार लग गई। कुछ देर बाद भीड़ ने हो-हल्ला शुरू कर दिया। उसके बाद कंपनी के लोगों ने क्रेन मंगवाकर रास्ता खोल दिया। रास्ता खुलने के बाद वाहन जनसभा स्थल की ओर चले गए।