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दंपती के थे हत्या कर फेंके गए शव

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सीतापुर। कोतवाली क्षेत्र तालगांव में छह दिन पूर्व हत्या कर फेंके गए महिला व पुरुष के शवों की शिनाख्त करते हुए पुलिस ने डबल मर्डर का सनसनीखेज खुलासा किया है। दोनों देवरिया जिले के रहने वाले थे।
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पैसों की खातिर इस खौफनाक वारदात को हत्यारों ने अंजाम दिया था। पुलिस ने दोहरे हत्याकांड में शामिल मुख्य आरोपी, उसके भाई, पिता, ससुर और पत्नी को गिरफ्तार कर लिया है। पांचों को जेल भेजने की कार्रवाई की है।
तालगांव इलाके में रविवार सुबह मदनापुर गढ़ी गांव के पास सड़क किनारे एक महिला व एक पुरुष के शव मिले थे। मृतकों की शिनाख्त नहीं हो सकी थी। एसपी आरपी सिंह ने इस वारदात के खुलासे के लिए पुलिस की 11 टीमें, दोनों एएसपी, तीन सीओ, साइबर सेल, क्राइम ब्रांच को लगाया था।
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एसपी ने शुक्रवार को पुलिस लाइंस में बताया कि तमाम साक्ष्यों को जुटाने के बाद तालगांव इलाके के अंबावा गांव निवासी शकील अहमद, उसके भाई अकील, पिता इसराइल, शकील के ससुर लखनऊ के ठाकुरगंज निवासी रमजान को हिरासत में लिया गया।
आरोपियों ने हत्या कर फेंके गए शवों की शिनाख्त की है। दोनों दंपती हैं। दोनों मूल रूप से देवरिया जिले के थाना एकौना के करहकोल गांव निवासी थे। पुरुष का नाम सतीश व उसकी पत्नी का नाम मंजू है।
एसपी ने बताया कि पकड़े गए आरोपियों ने कुबूला कि दंपती करीब 16-17 साल से लखनऊ के चिनहट इलाके में रहते हुए मजदूरी करते थे। दंपती से आरोपी शकील की करीब तीन माह पहले दोस्ती हुई थी। घर आना-जाना था, मंजू ने शकील से मजदूरी से जुटाए गए पैसे जमा कराने की बात कही।
पैसे की बात सुनकर शकील की नीयत खराब हो गई। उसने कुबूला कि इसके बाद भाई व पिता के साथ मिलकर पूरी प्लानिंग की। प्लानिंग के तहत 24 जुलाई की शाम मंजू व उसके पति को तालगांव में ट्रक से टायल्स उतारने पर ढाई-ढाई हजार रुपये मिलने का झांसा देकर बाइक से लाया गया।
मौके पर पहले से ही शकील के पिता, भाई, ससुर मौजूद थे। सभी ने मिलकर दंपती की हत्या कर दी थी और महिला के पास से 72 हजार रुपये लूटकर फरार हो गए थे।
एसपी आरपी सिंह ने बताया मौके से लूटे गए रुपयों को आरोपियों ने बांट लिया था। कुछ हिस्सा शकील की पत्नी रुखसार को भी मिला था। वह वारदात में शामिल नहीं थी लेकिन खौफनाक साजिश की वह भी राजदार थी। पांचों आरोपियों पर केस दर्ज करने के बाद जेल भेज दिया गया।
एसपी आरपी सिंह के साथ दो एएसपी भी वारदात के खुलासे में लगे थे। नतीजतन, एक सप्ताह के भीतर शिनाख्त और ब्लाइंड मर्डर के खुलासे से आईजी रेंज लक्ष्मी सिंह एसपी और उनकी पुलिस की कार्रवाई से खुश हुई हैत। यही वजह है कि आईजी ने पुलिस टीम को 50 हजार का इनाम दिया है।
तालगांव कांड का मुख्य आरोपी और उसके परिवार के लोग भी शातिर हैं। पुलिस के मुताबिक आरोपी शकील अपनी पहली पत्नी को छोड़कर लखनऊ चला गया था जहां दूसरी शादी रचा ली थी। इधर, उसकी पहली पत्नी घर पर थी और घरवालों ने जानते हुए गुमशुदगी का फर्जी मामला कोतवाली में दर्ज करा दिया था जिससे किसी को शक न हो।
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