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सरकार के कामकाज से ज्यादातर खुश, कुछ असंतुष्ट

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सीतापुर। पश्चिमी यूपी के नौ जिलों से होते हुए ‘अमर उजाला’ का चुनावी रथ ‘सत्ता का संग्राम’ शुक्रवार को ऐतिहासिक और पौराणिक रूप से समृद्ध सीतापुर जिले में पहुंचा। नौ विधानसभा क्षेत्र वाले जिले में 2017 के विधानसभा चुनाव में सात सीटों पर भाजपा, एक पर बसपा और एक पर सपा के प्रत्याशी ने जीत हासिल की थी।
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2017 के चुनाव से पहले सपा और अब भाजपा का गढ़ कहे जाने वाले सीतापुर में इस बार विधानसभा चुनाव के क्या मुद्दे होंगे, रोजगार, शिक्षा व विकास कार्य को लेकर आम लोगों की क्या राय है, इन सवालों का जवाब जानने के लिए ‘अमर उजाला’ का चुनावी रथ यहां आम लोगों के बीच पहुंचा। शुक्रवार सुबह करीब नौ बजे शहर के मक्खन होटल के पास चाय पर चर्चा हुई। लोगों ने खुलकर मुद्दों पर बात की।
ज्यादातर लोग योगी सरकार के कामकाज से खुश दिखे। रोजगार के मुद्दे पर संतोष भार्गव बोले कि सरकार से युवा नाराज है। युवाओं से जो बड़े-बड़े वादे किए गए थे, वे झूठे साबित हुए। बड़ी-बड़ी कंपनियों में जो लोग काम कर रहे थे, वे भी अब घर में बैठे हैं। कंपनियां बंद होती जा रही हैं। हालात बेहद खराब हैं। इसका जवाब दीपेंद्र भदौरिया ने दिया।
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उन्होंने कहा कि स्किल्ड और टैलेंटेड युवाओं के लिए रोजगार की कहीं कमी नहीं है। ये भी सही है कि हर किसी को सरकारी नौकरी नहीं दी जा सकती है लेकिन सरकार लघु उद्योग, कुटीर उद्योग, स्टार्टअप इंडिया के जरिए युवाओं को रोजगार मुहैया करवा रही है। कुटीर उद्योग शुरू करवाए गए हैं। सीतापुर में ही 500 से ज्यादा लोगों को लोन दिया गया है।
सुरेश चंद्र कनौजिया ने कहा कि जबसे भाजपा सरकार आई है, काम तो बहुत अच्छे हो रहे हैं लेकिन नगर पालिका इलाके में साफ-सफाई की व्यवस्था चरमरा गई है। ऐसा इसलिए क्योंकि नगर पालिका के अध्यक्ष समाजवादी पार्टी से हैं। नालियां बजबजा रही हैं।
सड़कें, बिजली, सौंदर्यीकरण को लेकर ज्यादातर लोग सरकार से खुश दिखे। चाय बेचने वाले सुरेंद्र कुमार ने कहा कि पहले के मुकाबले काफी विकास हुआ है। सुनील पटवा ने कहा कि पहले से अब काफी बदलाव हुआ है। सड़कें भी सुधर गई हैं। धीरे-धीरे और ठीक हो रही हैं। आकाश अग्रवाल ने कहा कि पहले बिजली आती थी तो लोग खुशियां मनाते थे। आज 24 घंटे बिजली आ रही है। सड़कें ठीक हो रही हैं।
दूध बेचने वाले दयाशंकर मिश्रा ने कहा कि स्वास्थ्य और कानून व्यवस्था के क्षेत्र में काफी काम हुआ है। बिजली 24 घंटे आ रही है। सड़कें थोड़ी खराब हैं। अतिक्रमण हुआ है। इसके चलते लोग परेशान हैं। कोरोना काल के दौरान बहुत अच्छा काम हुआ है। गुंडागर्दी खत्म हो गई। ममता डोडेजा ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाएं बहुत बेहतर हुई हैं। आम लोगों को सस्ता और अच्छा इलाज मिल रहा है।
शशि सिंह ने महिलाओं की सुरक्षा का मुद्दा उठाया। कहा कि, योगी सरकार आने के बाद से महिलाएं बहुत सुरक्षित महसूस करती हैं। कानून व्यवस्था सुधरी है। विवेक श्रीवास्तव ने कहा कि पहले केवल बड़े-बड़े शहरों में विकास कार्य होते थे। आज सीतापुर जैसे छोटे जिले में भी विकास हो रहा है। लाइटें लगी हैं। सड़कें बन रही हैं। पुल बन रहे हैं।
विवेक ने जिले में 22 साल से बंद पड़े एक उद्योग को फिर से शुरू कराने की मांग की। संतोष भार्गव ने सरकार से नाराजगी जाहिर की। कहा कि चारों तरफ सड़कें खराब हैं। बिजली महंगी हो गई है। गरीब परेशान हैं। उद्योग चरमरा गए हैं।
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