शामली। व्हाटसएप ग्रुप चलाकर अफसरों की लोकेशन भेजने के मामले में पुलिस की जांच में अहम जानकारी हाथ लगी है। शामली के ऊन, सींगरा, झिंझाना, कैराना, सहारनपुर , हरियाणा के पानीपत और अ न्य स्थानों के ट्रांसफार्मर और ट्रक चालक पुलिस के रडार पर आ गए है। पुलिस दो और को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है।
अमर उजाला ने व्हाटसएप ग्रुप चलाकर अफसरों की लोकेशन भेजकर ट्रक मालिकों से रुपये वसूलने के प्रकरण का खुलासा किया था। अमर उजाला ने लगातार चार दिन तक इस प्रकरण को लेकर समाचार प्रकाशित किए।
17 जुलाई के अंक में चार हजार रुपये में मिल रही अफसरों की लोकेशन, 18 जुलाई के अंक में अफसरों की लोकेशन भेजने पर मिलती हैं मोटी रकम, 19 जुलाई के अंक में हरियाणा और यूपी के गुर्गे मिलकर चला रहे ग्रुप और 20 जुलाई के अंक में समय पर जमा कराओ फीस, हम 24 घंटे मेहनत करते हैं शीर्षक से प्रमुखता से समाचार प्रकाशित हुए। समाचार प्रकाशित होने पर एसपी रामसेवक गौतम ने इस प्रकरण में कोतवाली पुलिस के साथ एसओजी व सर्विलांस टीम को लगाया था। इसके अलावा खुफिया विभाग की टीमें भी इस प्रकरण की जांच में जुटी हुई हैं।
इस मामले में पुलिस दो आरोपियों समून और आरिफ निवासी गांव केरटू थाना झिंझाना को गिरफ्तार किया कर चुकी है। एसपी रामसेवक गौतम ने बताया कि जांच में सामने आया है कि लोकेशन शेयर करने वाला गिरोह बड़ा है। कई ट्रांसपोर्टर और चालकों के नाम भी पते लगे हैं।