विषम 10 हजार रुपये लेकर लेखपाल के पास पहुंचे। जब उन्होंने रुपये लेखपाल को दिए। तभी वहां मौजूद अधिकारियों ने लेखपाल को पकड़ लिया। लेखपाल को पकड़कर अधिकारी तहसील से काफी दूर खड़ी अपनी गाड़ी में बिठाकर ले गए। एसडीएम रविंद्र कुमार ने बताया कि उन्हें मामले की जानकारी नहीं है। तहसीलदार पैगाम हैदर ने भी मामले की जानकारी होने से इनकार किया है।
सूचना पर थाने पहुंचे लेखपाल
एंटी करप्शन टीम ने लेखपाल को पकड़ने के बाद अपने साथ लेकर चली गई। यह सूचना लेखपालों को मिली तो वे थाने में पहुंच गए। पूर्व में थाना स्तर पर रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाती थी, लेकिन अब नियम बदलने से सारी प्रक्रिया बरेली में होती है। पुलिस के इनकार करने के बाद लेखपाल लौट गए।