जालसाज ने गांव -गांव जाकर 1952 व्यक्तियों के फार्म भरकर लिस्ट तैयार की थी। इनसे अब तक 100-100 रुपये ले लिए गए। इसके बाद छह दिवसीय प्रशिक्षण और 10 हजार रुपये लेकर सरकार द्वारा 10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने के नाम पर फिर से इनका रजिस्ट्रेशन कराकर इन लोगों से 100-100 रुपये लिए जा सकते हैं। वह लगभग 4 लाख रुपये की ठगी कर चुका है।
ये सामान हुआ बरामद
- लैपटॉप मय चार्जर,
- कैमरा,
- बायो मैट्रिक मशीन,
- फर्जी अंगूठा क्लोन,
- मोबाइल फोन,
- केंद्र सरकार की फर्जी मोहर,
- इंक पैड
- एक मोटर साईकिल ,
- तीन सिलाई मशीन,
- 17070 रुपये
- प्रेस विज्ञप्ति की छाया प्रति,
- परीक्षण हेतु ऑनलाइन प्रार्थना पत्र की छाया प्रति ,
- रजिस्टर (जिस पर कार्ड धारकों के नाम पता ,मोबाइल नंबर ,आधार कार्ड नंबर व फोटो का विवरण है)
- 29 आधारकार्ड
- उप्र भवन एवं अन्य सनिर्माण ,कर्मकार कल्याण बोर्ड के 18 पहचान पत्र
- 8-नियोजन प्रमाण पत्र खाली व भरे हुए
- महिला/पुरुष के 118 फोटो
- 22 ई- श्रम कार्ड
- विश्ववर्मा श्रम सम्मान योजना के 95 फार्म आदि