समय से खरीद होती तो बच जाती फसल
ओलावृष्टि से धान की फसल बर्बाद होने के लिए किसान सरकार को भी जिम्मेदार मान रहे है। किसानों का कहना है कि हरियाणा की मंडी में उनके धान की खरीद नहीं की जा रही, जबकि साढ़ौली कदीम ब्लाक क्षेत्र में क्रय केंद्र भी नहीं है। फसल खेतों में तैयार होने के बावजूद भी वह उसकी कटाई और बिक्री नहीं कर पाए।
गांव दर गांव नुकसान का हाल
शेखपुरा में करीब 1200 बीघा धान का रकबा ओलावृष्टि में बर्बाद हुआ है। इनमें बलवीर की 29 बीघा, ऋषिपाल की 28 बीघा, समय सिंह की 20, पाल्ला की 20, अशोक शर्मा व उसके भाई श्याम कुमार की 60 बीघा, जयकुमार की 10 बीघा, साधुराम की 10 बीघा फसल शामिल है।
नानौली में पदम प्रकाश शर्मा की 14 बीघा, सुशील शर्मा की 10 बीघा, बबलू की 12, इनाम की 25, जाहिद 20, अमित की 20, शब्बीर की 21, नसीम राव की 12, सहीराम सात बीघा फसल आदि की फसलें नष्ट हो गई।
नुनियारी में डॉ. बिरम पाल की 30 बीघा, वेदपाल की 100 बीघा, ईश्वर पाल की 20, मांगेराम की 35, प्रदीप कुमार और उसके भाई की 70, जगमाल की 14, नंदकिशोर की 10, चरण सिंह 12, अशोक की 10 बीघा आदि की फसल नष्ट हुई है।
टटौहल व धौलरा में ओमपाल की चार, विक्रम की 15 बीघा, लोटन की 15, विश्वास की 10, संजय की 20, बिजेंद्र की 10, ब्रजपाल की 15, शिवचरण की 20, राजेंद्र की 10, मंजीत कुमार की 15, प्रमोद की 17 और बिट्टू की 10 बीघा फसल आदि की फसलें नष्ट हुई है।
यह भी पढ़ें: कबाड़ियों पर शिकंजा: सोतीगंज में विरोध के बीच आदिल के घर कुर्की की कार्यवाही, भारी पुलिस बल रहा तैनात
शेरपुर पेलो में बुद्ध सिंह की 30, जनेश्वर की 20, मंगू की 10, वहीद की 20, ऋषिपाल की 20, राजू की 10, राजू की 10, रघुवीर की 10, मोल्हू की पांच, गुड्डू की 10, जगराम की 30, मेहर सिंह 10 बीघा फसल आदि की फसलें चौपट हुई है।
फैजाबाद में तासीन की 20, अफजल की 50, श्याम लाल गुप्ता की 20, अरशद की 30, इलम चंद की 25, सूबेद्दीन की 15 बीघा आदि की फसलें नष्ट हुई हैं।
अराजी जोड़ियो में मांगेराम की 20, प्रमोद की 10, चमेला की 20, कृष्ण की 20 बीघा, सुशील की 50, प्रदीप की 20 बीघा, राजकुमार की 25, सोलंकी की 45, जगदीश की 45, सोमपाल की 25, तेल्लू की 30 बीघा आदि की फसलें नष्ट हुई है।
बहरामपुर में ओमप्रकाश की आठ, मगन पाल की 12, सिताब सिंह की 13, जनेश्वर की नौ बीघा, राहुल कुमार की छह बीघा, कटार सिंह की नौ, दीपक की 12 बीघा आदि की फसलें बर्बाद हुई है।
प्रशासनिक टीम ने लिया जायजा
अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) रजनीश मिश्र और एसडीएम दीप्ति देव ने ओलावृष्टि से प्रभावित नुनियारी, टटौहल, नानौली आदि तहसील क्षेत्र के गांवों में जाकर फसलों को हुए नुकसान का जायजा लिया। मौजूद राजस्व टीम से नुकसान का सर्वे कराया। एसडीएम ने बताया तीन गांवों में हुए नुकसान का सर्वे कराया जा चुका है। अभी सर्वे चल रहा है। सर्वे पूरा होने पर शासन को मुआवजे के लिए रिपोर्ट भेजी जाएगी।