सहारनपुर। जनपद के 29,8,761 किसान प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ ले रहे हैैं। इन किसानों में से मात्र 1,18,092 किसानों ने ही ई-केवाईसी कराई है, जबकि 1,80,669 किसानों ने अभी तक अपने खाते की ई-केवाईसी नहीं कराई है। 31 मई तक ई-केवाईसी नहीं कराने वाले किसान किसान सम्मान निधि की 11वीं किस्त से वंचित रह सकते हैं।
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ लेने वाले सभी किसानों को अपने खाते की ई-केवाईसी करानी होगी। इसके लिए किसानों को स्वयं पीएम किसान निधि पोर्टल पर या जनसेवा केंद्र पर जाकर ई- केवाईसी कराना होगा। इसके लिए अंतिम तिथि 31 मई रखी गई है। ऐसा नहीं करने वाले किसानों की सम्मान निधि बंद हो जाएगी। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना को पारदर्शी बनाने के लिए भारत सरकार की ओर से समय-समय पर परिवर्तन किए जाते रहे हैं। अब इस योजना के लाभार्थी किसानों को अपने खाते का ई-केवाईसी कराना अनिवार्य किया गया है। इस योजना के सत्यापन के लिए भारत सरकार ने ई-केवाईसी नाम से पोर्टल बना रखा है।
किसान ऐसे करें ई-केवाईसी
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के लाभार्थी किसानों को ई-केवाईसी करने के लिए प्रधानमंत्री किसान निधि पोर्टल का उपयोग कराना होगा। पोर्टल पर जाकर वे ई-केवाईसी का विकल्प चुनेंगे। इस पर संबंधित किसान का आधार कार्ड नंबर मांगा जाएगा। इसे भरने के बाद किसान के मोबाइल पर एक ओटीपी आएगा। पोर्टल पर ओटीपी भरकर सबमिट किया जाएगा। जिसके बाद ई-केवाईसी की प्रक्रिया सम्पन्न हो जाएगी।
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के लाभार्थी किसानों के लिए उनके खाते की ई-केवाईसी कराना जरूरी है। ऐसा नहीं होने पर किसान को सम्मान निधि की 11वीं किस्त से वंचित रहना पड़ सकता है। ई-केवाईसी कराने के लिए आखिरी तारीख 31 मई रखी गई है। साथ ही लाभार्थी किसानों को अपने खाते को आधार नंबर से लिंक कराने के बाद नेशनल पेमेंट कारपोरेशन ऑफ इंडिया पर भी पंजीकृत कराना चाहिए। ---- डॉ. राकेश कुमार मौर्य, उप निदेशक कृषि।