रामपुर। जिले में करीब 11 हजार पंजीकृत व्यावसायिक वाहन हैं। इन सभी पर 30 सितंबर तक हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट (एचएसआरपी) लगवाना अनिवार्य था लेकिन, अभी तक करीब सात हजार वाहनों पर एचएसआरपी नहीं लग पाई है। वहीं ऐसे वाहनों के खिलाफ अभी तक कोई विभागीय कार्रवाई भी नहीं हुई है, जिससे वाहन स्वामी भी लापरवाह बने हुए हैं।
परिवहन विभाग ने सुरक्षा के दृष्टिगत सभी निजी व व्यावसायिक वाहनों पर हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट अनिवार्य कर दी थी। जिससे वाहनों के रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट से छेड़छाड़ न की जा सके और नंबर प्लेट बदलकर किए जाने वाले अपराधों पर भी अंकुश लग सके। लेकिन, जिले में न तो व्यावसायिक वाहन स्वामी एचएसआरपी लगवाने को लेकर गंभीर नजर आ रहे हैं और न ही परिवहन विभाग ऐसे लोगों पर कार्रवाई को लेकर संजीदा दिख रहा है।
जिस कारण जिले में अभी भी करीब सात हजार व्यावसायिक वाहन बिना एचएसआरपी के दौड़ रहे हैं। जिले में अभी तक करीब चार हजार व्यावसायिक वाहनों ने ही एचएसआरपी लगवाई है। हालांकि कुछ वाहन स्वामियों ने एचएसआरपी के लिए रसीद तो कटवा ली है लेकिन, प्लेट नहीं लगवाई है। एचएसआरपी न लगवाने वाले इन व्यावसायिक वाहनों में बस, मिनी बस, ट्रक, डंपर, टैंकर, जेसीबी, टैक्सी, थ्री व्हीलर समेत अन्य वाहन शामिल हैं।
-सभी व्यावसायिक वाहनों पर एचएसआरपी लगवाना सुनिश्चित करने के लिए निर्देशित किया गया है। जिन व्यावसायिक वाहनों में हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रशेन नंबर प्लेट या बुकिंग की रसीद उपलब्ध नहीं होगी। उन व्यावसायिक वाहनों पर कार्रवाई को लेकर चेकिंग अभियान चलाया जाएगा। सुरेंद्र कुमार सिंह, एआरटीओ