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डिग्री कॉलेजों में काफी सीटें रिक्त, आवेदन भी आए कम

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रायबरेली। जिले में संचालित महाविद्यालयों में इस बार स्नातक और परास्नातक कोर्सों में कई सीटें खाली रह जाएंगी। ज्यादातर महाविद्यालयों में तो 50 फीसदी से ज्यादा सीटों पर प्रवेश ही नहीं हो सके हैं। जबकि प्रवेश प्रक्रिया की अंतिम तिथि बीत चुकी है।
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शहर के फिरोज गांधी डिग्री कॉलेज को छोड़कर ज्यादातर महाविद्यालयों में तय सीटों से कम आवेदन आए हैं। महाविद्यालय प्रबंधन से जुड़े लोगों की मानें तो जिले के सभी महाविद्यालय इस बार छत्रपति शाहू जी महाराज यूनिवर्सिटी की जगह लखनऊ यूनिवर्सिटी से संबद्ध हो गए हैं।
सख्त अंक प्रणाली व अन्य वजहों से ज्यादातर विद्यार्थी पड़ोसी जिले बाराबंकी व कानपुर के महाविद्यालयों में प्रवेश करा रहे हैं। इस वजह से भी महाविद्यालयों को विद्यार्थी ढूंढे नहीं मिल रहे हैं। हालत यह है कि कई महाविद्यालय में 240 सीटों के सापेक्ष महज 10 एडमिशन ही हुए हैं।
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फिरोज गांधी महाविद्यालय में हर साल प्रवेश को लेकर मारामारी रहती है। इस बार भी तय सीटों से डेढ़ गुना अधिक आवेदन आए है।
इसीलिए यहां वरीयता सूची जारी कर मेरिट के आधार पर प्रवेश लिए गए। प्राचार्य डॉ. बीडी मिश्र ने बताया कि बीकॉम में सभी 180 सीटों पर प्रवेश लिए जा चुके हैं।
बीए में 720 सीटें हैं, जिसमें से 35 सीटें खाली हैं। बीएससी मैथ्स में सभी प्रवेश हो चुके हैं, जबकि बीएससी बॉयो में आठ सीटें बची हैं। खाली सीटें भी जल्द भर जाएंगी।
परास्नातक में सभी 15 विभागों की लिस्ट जारी हो चुकी है। प्रवेश धीमी गति से हो रहे हैं। उधर, शहर के ही इंदिरा गांधी राजकीय महिला महाविद्यालय में प्राचार्य डॉ. सुषमा देवी ने बताया कि स्नातक में 480 सीटों के सापेक्ष 255 और परास्नातक में 50 सीटों के सापेक्ष 20 प्रवेश हो चुके हैं।
फीस अधिक होने से जा रहे हैं दूसरे जिले
बछरावां/शिवगढ़। दयानंद बछरावां पीजी कॉलेज में स्नातक में 1740 सीटों के सापेक्ष 930 बच्चों ने प्रवेश लिया है। परास्नातक में 1440 सीटों के सापेक्ष 205 प्रवेश हुए हैं। प्राचार्य डॉ. सुभाषचंद्र श्रीवास्तव ने कहा कि जब वर्ष 2005 में सीटें आवंटित हुईं थीं, तब जिले में महाविद्यालयों की संख्या कम थी।
अब महाविद्यालयों की संख्या बढ़ने से सीटें खाली रह जाती हैं। सरदार वल्लभ भाई पटेल महाविद्यालय सेंहगो तमनपुर में स्नातक की 540 सीटों में से 311 बच्चों ने प्रवेश लिया है।
प्रबंधक अमर सिंह ने बताया कि पड़ोसी जिले बाराबंकी के कॉलेज फैजाबाद विश्वविद्यालय से संबद्ध हैं, जहां फीस कम होने के कारण काफी बच्चे वहां प्रवेश ले रहे हैं।
श्री बरखंडी महाविद्यालय शिवगढ़ में स्नातक की 420 सीटों में से 315 छात्रों, बीएससी एग्रीकल्चर में 240 सीटों में 135 छात्रों ने प्रवेश लिया है।
बीएड में सभी 50 सीटें फुल हो गईं हैं। प्राचार्य डॉ. आरके सिंह ने बताया कि काफी छात्र बाराबंकी जिले की सीमा में संचालित कॉलेजों में प्रवेश ले रहे हैं, क्योंकि वहां फीस कम है।
परास्नातक में बहुत कम हो रहे प्रवेश
ऊंचाहार/जगतपुर। डॉ. आंबेडकर राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में बीए प्रथम वर्ष में 480 सीटों के सापेक्ष 385, बीएससी में 120 सीटों के सापेक्ष 76 छात्रों ने दाखिले लिए हैं। एमए में सात विषयों के लिए 60-60 सीटें निर्धारित हैं, लेकिन प्रवेश कम हो रहे हैं।
भूगोल में 14, हिंदी में 22, राजनीति शास्त्र में आठ, समाजशास्त्र में 20, संस्कृत में तीन, अंग्रेजी में पांच, इतिहास में सात प्रवेश हुए हैं। इसी सत्र से शुरू हुई एमएससी में 20 सीटें हैं, लेकिन महज एक सीट पर प्रवेश हुआ है।
प्राचार्य डॉ. रूदल यादव ने बताया कि स्नातक एवं स्नातकोत्तर की 1040 सीटों के सापेक्ष 560 प्रवेश हुए हैं। उधर, गनेश बक्स हरवंश बहादुर महाविद्यालय के प्राचार्य विमलेश गौतम ने बताया कि बीए में 420 सीटों के सापेक्ष 120 और बीकॉम में 120 सीटों के सापेक्ष 10 प्रवेश हुए हैं। प्रवेश अभी चल रहे हैं।
कॉलेजों में ज्यादातर सीटें अभी खाली
सलोन/परशदेपुर। सर्वोदय विद्यापीठ पीजी कॉलेज सलोन में स्नातक स्तर पर 720 सीटें आवंटित हैं, जिसमें अभी तक 395 छात्र-छात्राओं ने प्रवेश लिया है।
पोस्ट ग्रेजुएट में पांच विषयों की कुल 600 सीटें हैं, जिसमें 125 प्रवेश हुए हैं। प्राचार्य प्रो. शांतिभूषण सिंह ने बताया कि महाविद्यालय में प्रवेश काफी कम हुए हैं।
उधर, राजकली महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. विनय श्रीवास्तव ने बताया कि स्नातक में 420 सीटें हैं, जिसमें से 302 प्रवेश हो चुके हैं। परास्नातक में 40 सीटों के सापेक्ष 35 दाखिले कराए जा चुके हैं।
दाखिला लेने को नहीं आ रहे छात्र-छात्राएं
गदागंज/सरेनी। कमला नेहरू पीजी कॉलेज के प्राचार्य पीके श्रीवास्तव ने बताया कि बीए में 600 सीटों के सापेक्ष 186, बीएससी में 120 सीटों के सापेक्ष 34 और एमए में 300 सीटों के सापेक्ष 53 छात्रों ने प्रवेश लिए हैं।
उधर, मान्यवर कांशीराम महाविद्यालय चरूहार जियायक में बीए में 360 सीटें हैं, लेकिन दाखिले केवल 80 हुए हैं। बीएससी में 240 सीटों के सापेक्ष सिर्फ 10 प्रवेश हुए।
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कुंवर मुनींद्र सिंह महाविद्यालय दीनशाह गौरा के प्राचार्य डॉ. शैलेश प्रताप सिंह ने बताया कि बीए में 540 सीटें हैं, जिसमें 382 प्रवेश हो चुके हैं।
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