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Pilibhit News: मुख्यमंत्री के गुरुभाई महंत योगी शांतिनाथ का निधन

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महंत योगी शांतिनाथ का फाइल फोटो।
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बीसलपुर (पीलीभीत)। यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के गुरुभाई महंत योगी शांतिनाथ (56) का न्यूरानपुर गांव स्थित आश्रम में मंगलवार देर रात लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया। मौके पर सीओ और एसडीएम भी पहुंचे। महंत शांतिनाथ के निधन से पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई। बुधवार की दोपहर उन्हें आश्रम में ही समाधि दी गई।
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गोरखपुर मठ से आए योगी हनुमान नाथ ने बताया कि यहां आश्रम में योगी शांतिनाथ वर्ष 1997 से रह रहे थे। वह दिल्ली के मूल निवासी थे। वहीं उन्होंने उच्चशिक्षा प्राप्त की थी। वे अंग्रेजी भी फर्राटे से बोलते थे। उत्तराखंड में किसी गुरु से दीक्षा लेने के बाद वह गोरखपुर के मठ से जुड़ गए थे। वह मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के गुरु भाई थे।

पिछले काफी समय से बीमार चल रहे थे। उन्होंने लखनऊ और गुरुग्राम के जाने माने अस्पताल में उपचार भी कराया, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। पिछले कई दिन से वह आश्रम में ही रह रहे थे। मंगलवार की रात उनका स्वास्थ्य खराब हुआ, तभी उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, बिलसंडा में भर्ती कराया गया, जहां देर रात उनका निधन हो गया। उसके बाद उनका पार्थिव शरीर आश्रम में लाया गया।
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सूचना मिलते ही गोरखपुर मठ से योगी हनुमान नाथ और योगी दिनेश नाथ आ गए। दोपहर में साधु रीति से आश्रम परिसर में ही बनाई गई समाधि में वह विलीन हो गए। बुधवार को पूरे दिन आश्रम में शोक जताने वालों का तांता लगा रहा। मौके पर सीओ और एसडीएम भी पहुंचे। सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस बल भी तैनात कर दिया गया।

मेला कमेटी के संस्थापक भी थे योगी शांतिनाथ
योगी शांतिनाथ मेला कमेटी के संस्थापक भी थे। वह प्रत्येक वर्ष जिले में सबसे पहले रामलीला कराते थे। इस बार अस्वस्थ होने के कारण उन्होंने मेला कराने का कार्य नहीं संभाला था। उन्होंने मुख्यमंत्री कार्यालय सेे करीब पांच करोड़ रुपया स्वीकृत कराकर अपने आश्रम का उच्च स्तरीय सौंदर्यीकरण भी कराया था। उन्होंने आश्रम की चाहरदीवारी भी बनवाई थी। वह आश्रम की 11 एकड़ जमीन की भी देखरेख किया करते थे। वह आश्रम परिसर में राजकीय आश्रम पद्धति से संचालित विद्यालय खुलवाने की योजना बना रहे थे, तब तक वह बीमार हो गए। बताया जाता है कि वर्ष 2022 में हुए विधानसभा चुनाव में बीसलपुर सीट से उन्हें भाजपा का प्रत्याशी बनाए जाने की तैयारी चल रही थी, लेकिन उन्होंने अस्वस्थ होने के कारण मना कर दिया था। उन्होंने कुछ वर्ष पूर्व अपने आश्रम पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की जनसभा भी कराई थी।

महंत योगी शांतिनाथ का फाइल फोटो।

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