मेजर विश्नोई आईएमए देहरादून से साल 2010 में पास आउट हुए थे। वहीं पूरे परिवार को मयंक की शहादत पर जहां एक ओर गर्व है। वहीं, बेटे की शहादत की खबर सुनकर उनका रो-रोकर बुरा हाल है।
परिजनों ने बताया कि 27 अगस्त 2021 को शोपियां में दुश्मन से लोहा लेते हुए मयंक के सिर पर गोली लगी थी। गंभीर अवस्था में मयंक को उधमपुर मिलिट्री हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। सूचना पर पिता वीरेंद्र विश्नोई, माता मधु बिश्नोई और पत्नी स्वाति विश्नोई उधमपुर पहुंच गए।
मेजर मयंक की मामी उषा विश्नोई और चचेरे भाई अंकुर गोयल ने बताया की शोपियां में सैनिक टुकड़ियों पर आतंकवादियों ने हमला कर दिया था, जिसमें मयंक के सिर पर गोली लगी थी। शहीद मेजर मयंक के पार्थिव शरीर को रविवार को मेरठ लाया जाएगा। परिवार और मोहल्ले के अन्य लोग भी सूचना मिलने पर परिवार को सांत्वना देने पहुंच गए।
मेजर बेटे की शहादत की खबर सुनकर क्षेत्र के गणमान्य लोग भी उनके आवास पर परिजनों को सांत्वना देने पहुंचे हैं। वहीं मेजर मयंक के परिवार के सदस्य उधमपुर होने के कारण मुजफ्फरनगर से भी उनके रिश्तेदार उनके घर मेरठ पहुंचे हैं। शहीद मेजर मयंक विश्नोई के आवास पर पहुंचने वालों का तांता लगा हुआ है।